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China-US: अमेरिका एशिया-प्रशांत में भी खड़ा करना चाहता है नाटो, ड्रैगन ने रूस के साथ संबंधों पर दिया ये जवाब

Tue, 07 Mar 2023 04:45 PM IST
शिव शरण शुक्ला वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग

सार

चीनी विदेश मंत्री किन गैंग ने रूस के साथ अपने संबंधों के बारे में भी बात की। चीनी विदेश मंत्री ने कहा कि दोनों देशों का रिश्ता अंतरराष्ट्रीय संबंधों का एक अच्छा उदाहरण पेश करता है। ग्लोबल टाइम्स के मुताबिक, गैंग ने दावा किया कि चीन और रूस का संबंध किसी गठबंधन या टकराव पर आधारित नहीं है। 
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चीन और अमेरिका (प्रतीकात्मक)
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विस्तार
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चीन और अमेरिका के बीच बीते काफी समय से तनाव बरकरार है। पहले ताइवान मुद्दे और फिर जासूसी गुब्बारे को लेकर दोनों वैश्विक शक्तियों के बीच गर्माहट कम होने का नाम ही नहीं ले रही। इस बीच, एक बार फिर चीन ने अमेरिका को खरीखोटीं सुनाई है। चीन ने अमेरिका को चेताते हुए कहा है कि उसे अपनी गलत नीतियां बदल लेनी चाहिए नहीं तो टकराव की स्थिति पैदा होगी और यह नुकसानदायक होगा। मंगलवार को चीन के विदेश मंत्री किन गैंग ने एक प्रेस कांफ्रेंस के दौरान यह कहा। उन्होंने आरोप लगाते हुए यह भी कहा कि अमेरिका नियमानुकूल प्रतियोगिता करने के बजाय चीन को दबाने की कोशिश कर रहा है। इस दौरान चीनी विदेश मंत्री ने यह भी कहा कि अमेरिका अपनी 'हिंद-प्रशांत रणनीति' एशिया-प्रशांत क्षेत्र में एक दूसरा नाटो खड़ा करना चाहता है।  

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चीनी विदेश मंत्री ने लगाया आरोप
चीन के विदेश मंत्री किन गैंग ने यूएस-इंडो प्रशांत स्ट्रैटेजी की आलोचना की। उन्होंने कहा कि इसे नाटो के एशिया-प्रशांत संस्करण की साजिश रचकर "अनन्य ब्लॉक्स" बनाने की कोशिश के रूप में बनाया गया था। उन्होंने यह भी दावा किया कि क्षेत्र में टकराव बढ़ाने की अमेरिका की यह साजिश सफल नहीं होगी। 

उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका रणनीतिक वातावरण को आकार देने का दावा करता है। जिसमें चीन भी है। असल में अमेरिका की हिंद-प्रशांत रणनीति का उद्देश्य साफ है और वह यह है कि इस इलाके में चीन को घेरना है। गैंग ने चेतावनी देते हुए कहा कि अमेरिका की यह कोशिश केवल आसियान-केंद्रित खुले और समावेशी क्षेत्रीय सहयोग को और क्षेत्रीय देशों के दीर्घकालिक हितों को कमजोर करेगा।
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 रूस के साथ संबंधों पर भी की चर्चा
इससे पहले, चीनी विदेश मंत्री किन गैंग ने रूस के साथ अपने संबंधों के बारे में भी बात की। चीनी विदेश मंत्री ने कहा कि दोनों देशों का रिश्ता अंतरराष्ट्रीय संबंधों का एक अच्छा उदाहरण पेश करता है। ग्लोबल टाइम्स के मुताबिक, गैंग ने दावा किया कि चीन और रूस का संबंध किसी गठबंधन या टकराव पर आधारित नहीं है। 

चीनी मुद्रा में रूस के साथ व्यापार पर दिया ये जवाब
 किन ने कहा उनके करीबी द्विपक्षीय संबंधों को "शीत युद्ध के नजरिए से" देखना गलत है। इस दौरान चीन-रूस व्यापार में अमेरिकी डॉलर और यूरो के उपयोग को छोड़ने को लेकर सवाल का जवाब देते हुए किन ने कहा कि चीन 'कुशल, सुरक्षित और विश्वसनीय मुद्रा का उपयोग करेगा। उन्होंने आगे कहा कि मुद्रा को एकतरफा प्रतिबंधों के लिए ट्रंप कार्ड के रूप में इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए।

गौरतलब है कि रूसी मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि चीनी युआन ने पिछले महीने पहली बार रूसी बाजार में सबसे अधिक कारोबार वाली मुद्रा के रूप में अमेरिकी डॉलर को पीछे छोड़ दिया।

अमेरिका को ताइवान पर चीन की संप्रभुता का सम्मान करना चाहिए- गैंग
वहीं, आगे उन्होंने ताइवान मुद्दे पर अमेरिका को घेरते हुए कहा कि यूक्रेन की संप्रभुता का सम्मान करने की बात करने वाले अमेरिका को भी ताइवान पर चीन दावों को स्वीकार करना चाहिए। चीनी विदेश मंत्री किन गैंग ने कहा कि ताइवान का सवाल चीन के मूल हितों के केंद्र में है। यह चीन-अमेरिका संबंधों की राजनीतिक नींव का आधार है। ऐसे में अमेरिका को लाल रेखा को पार नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि अमेरिका यूक्रेन की संप्रभुता और स्वतंत्रता की बात करता है, चीन की संप्रभुता का सम्मान क्यों नहीं करता। ताइवान चीन का अभिन्न अंग है।

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