चार्ली किर्क की हत्या पर ट्रंप
- फोटो : Amar Ujala
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को यूटा वैली विश्वविद्यालय में घात लगाकर किए गए हमले में मारे गए अपने सहयोगी चार्ली किर्क को सच्चाई के लिए अपनी जान कुर्बान करने वाला बताया। चार्ली पर किया गया हमला इतना सटीक था कि एक ही गोली में उनकी मौत हो गई। ट्रंप ने कट्टरपंथी वामपंथियों पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी बयानबाजी रूढ़िवादी कार्यकर्ता की हत्या के लिए जिम्मेदार है। उन्होंने राजनीतिक हिंसा फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई करने का भी संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
'राजनीतिक हिंसा ने बहुत से निर्दोष लोगों को चोट पहुंचाई'
ट्रंप ने अपने ट्रुथ सोशल प्लेटफॉर्म पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में कहा, 'वर्षों से कट्टरपंथी वामपंथी चार्ली जैसे अद्भुत अमेरिकियों की तुलना नाजियों और दुनिया के सबसे बुरे सामूहिक हत्यारों और अपराधियों से करते रहे हैं।' उन्होंने कहा कि पिछले साल पेंसिल्वेनिया के बटलर में मेरे जीवन पर हुए हमले से लेकर आईसीई एजेंटों पर हमले, न्यूयॉर्क की सड़कों पर एक स्वास्थ्य सेवा अधिकारी की नृशंस हत्या और सदन के नेता स्टीव स्कैलिस और तीन अन्य की गोली मारकर हत्या तक कट्टर वामपंथी राजनीतिक हिंसा ने बहुत से निर्दोष लोगों को चोट पहुंचाई है और बहुत से लोगों की जान ली है।
'अमेरिका के लिए न भूलने वाला क्षण'
उन्होंने दावा किया कि अमेरिका में आतंकवाद के लिए कट्टरपंथी वामपंथियों की बयानबाजी सीधे तौर पर जिम्मेदार है और इसे तुरंत रोकना होगा। ट्रंप ने कहा, 'मेरा प्रशासन उन सभी लोगों को ढूंढ निकालेगा, जिन्होंने इस अत्याचार और अन्य राजनीतिक हिंसा में योगदान दिया है, जिनमें इसे वित्तपोषित और समर्थित करने वाले संगठन, साथ ही हमारे न्यायाधीशों, कानून प्रवर्तन अधिकारियों और हमारे देश में व्यवस्था लाने वाले अन्य सभी लोगों पर हमले करने वाले लोग शामिल हैं।' राष्ट्रपति ने किर्क की हत्या को अमेरिका के लिए एक जघन्य और काला क्षण बताया।
क्या है मामला?
किर्क ने युवा मतदाताओं के बीच ट्रंप के समर्थन को बढ़ाने में मदद की थी। उनकी बुधवार को यूटा वैली विश्वविद्यालय में एक कार्यक्रम में बोलते समय गोली मारकर हत्या कर दी गई। उनका हत्यारा अब भी फरार है। घटनास्थल से मिले वीडियो में उन्हें एक बड़ी भीड़ को संबोधित करते हुए दिखाया गया है, तभी एक गोली की आवाज सुनाई दी। कैमरा तेजी से हिलने और दर्शकों में दहशत फैलने से पहले किर्क अपनी कुर्सी से गिर पड़े। जांचकर्ताओं ने कहा कि उनका मानना है कि एक गोली कैंपस की छत से चली थी, जिसे काले कपड़े पहने किसी व्यक्ति ने चलाया था।