BNP Tarique Rahman Voting Constituency: तारिक रहमान बांग्लादेशी मतदाता बने, चुनाव में इस सीट से ठोकेंगे ताल
Sat, 27 Dec 2025 04:36 PM IST
पवन पांडेय
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ढाका / नई दिल्ली
सार
बीएनपी नेता तारिक रहमान ने दोबारा बांग्लादेश के मतदाता के तौर पर अपना रजिस्ट्रेशन कराया है। वे अपने पैतृक निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ेंगे। इस मामले में पूर्व चुनाव आयोग अधिकारी एसएम असदुज्जमां के अनुसार, कानून किसी भी योग्य नागरिक को कभी भी वोटर लिस्ट में शामिल होने की अनुमति देता है।
बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) के कार्यकारी अध्यक्ष तारिक रहमान ने 17 साल से अधिक समय के आत्मनिर्वासन के बाद शनिवार को बांग्लादेश की वोटर लिस्ट में अपना नाम दर्ज कराया और राष्ट्रीय पहचान पत्र (एनआईडी) बनवाने की औपचारिकताएं पूरी कीं। वह हाल ही में लंदन से बांग्लादेश लौटे हैं, जहां वे सितंबर 2008 से रह रहे थे।
कड़ी सुरक्षा के बीच चुनाव आयोग कार्यालय पहुंचे
60 वर्षीय तारिक रहमान कड़ी सुरक्षा के बीच ढाका स्थित चुनाव आयोग (ईसी) कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने बायोमेट्रिक प्रक्रिया के तहत अपने फिंगरप्रिंट और आंखों की आइरिस स्कैन करवाई। अधिकारियों के मुताबिक, उन्होंने पहले ही ऑनलाइन आवेदन भर दिया था। चुनाव आयोग के राष्ट्रीय पहचान पंजीकरण विंग के महानिदेशक एएसएम हुमायूं कबीर ने बताया कि तारिक रहमान को 24 घंटे के भीतर उनका एनआईडी कार्ड मिल जाएगा।
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बीएनपी नेता की बेटी ने भी कराया पंजीकरण
तारिक रहमान की बेटी जाइमा ने भी इसी दिन अपना एनआईडी पंजीकरण पूरा किया। इस दौरान चुनाव आयोग कार्यालय और आसपास के इलाकों में सेना, रैपिड एक्शन बटालियन (आरएबी), अंसार और पुलिस के जवान तैनात रहे। बता दें कि बांग्लादेश में 2008 में सैन्य समर्थित कार्यवाहक सरकार के दौरान फोटो और बायोमेट्रिक डाटा वाली नई वोटर लिस्ट लागू की गई थी। उस समय तारिक रहमान राजनीतिक कैदी थे और बाद में रिहा होकर लंदन चले गए थे। विदेश में रहने के कारण उनका नाम उस समय वोटर लिस्ट में शामिल नहीं हो पाया था। नई सूची लागू होने के बाद पुरानी वोटर लिस्ट रद्द कर दी गई थी।
बांग्लादेश में 12 फरवरी से आम चुनाव
बांग्लादेश में 12 फरवरी को आम चुनाव होने हैं। तारिक रहमान अपने पैतृक बोगुरा सदर (बोगुरा-6) सीट से चुनाव लड़ने वाले हैं। बीएनपी नेता पहले ही उनकी ओर से नामांकन पत्र ले चुके हैं। हालांकि, अवामी लीग ने इस पर सवाल उठाए हैं। अंतरिम सरकार द्वारा चुनाव लड़ने से प्रतिबंधित अवामी लीग का कहना है कि चुनाव कार्यक्रम घोषित होने के बाद किसी नए मतदाता को शामिल करना कानूनन सही नहीं है। पार्टी ने यह भी पूछा है कि शनिवार को, जो सरकारी अवकाश होता है, यह प्रक्रिया कैसे पूरी की गई और इसके लिए किसके निर्देश थे।