अमेरिका में गर्भपात नियम को लेकर पहले से ही बहस छिड़ी हुई है। इस नियम को लेकर विरोध-प्रदर्शन भी हुए। अब एक खबर फ्लोरिडा से सामने आई है, यहां एक अदालत ने 16 वर्षीय लड़की की गर्भपात करने की अपील को अस्वीकार कर दिया।
फ्लोरिडा कोर्ट ने कहा कि 16 वर्षीय लड़की गर्भपात कराने के लिए "पर्याप्त रूप से परिपक्व" नहीं है। कोर्ट के इस फैसले के बाद कुछ सांसदों ने नाराजगी जाहिर की है।
अदालत में अपील करने वाली लड़की की पहचान नहीं हो पाई है। उसने निचली अदालत को बताया कि वह बच्चा पैदा करने के लिए तैयार नहीं है। वह अभी भी स्कूल में है और उसके पास कोई नौकरी भी नहीं है। बच्चे का पिता भी उसकी कोई मदद करने की स्थिति में नहीं है। इसलिए वह गर्भपात करना चाहती है।
फ्लोरिडा में गर्भपात की मांग करने वाले नाबालिगों को अपने माता-पिता में से कम से कम एक की सहमति की आवश्यकता होती है। लेकिन लड़की के माता-पिता इस शहर में नहीं है वह एक रिश्तेदार के साथ रहती है। लड़की वह उस नियम से छूट की मांग कर रही थी। लेकिन अदालत ने उसकी अर्जी को यह कहकर अस्वीकार कर दिया कि उसके पास पर्याप्त और ठोस सबूत नहीं है।
किशोरी ने अदालत को बताया था कि उसके अभिभावक ने गर्भपात के लिए अपनी सहमति दे दी थी, लेकिन यह सहमति लिखित रूप में नहीं दी गई थी, अदालत के दस्तावेजों से पता चला। दस्तावेजों के अनुसार लड़की 10 सप्ताह की गर्भवती थी।
इस मुद्दे पर सांसदों ने भी अपनी नाराजगी जाहिर की है। डेमोक्रेटिक कांग्रेस की सदस्य प्रमिला जयपाल ने ट्वीट किया कि अदालत एक किशोरी को गर्भपात कराने के लिए पर्याप्त 'परिपक्व' नहीं होने का फैसला सुनाने के लिए मजबूर कर रही है, यह घृणित है। साथ ही फ्लोरिडा के एक डेमोक्रेटिक सांसद लोइस फ्रैंकेल ने कहा कि बच्चा इतना अपरिपक्व है कि गर्भपात नहीं कर सकता है लेकिन इतना परिपक्व है कि वह बच्चे को पाल सकता है।