24 वर्षीय अमेरिकी नागरिक इयान ग्रिलोट को भारतीय-अमेरिकी सम्मानित करेंगे। इयान ने 22 फरवरी को कंसास में हुए नस्लीय हमले में भारतीय इंजीनियरों को बचाने के लिए अपने जान की बाजी लगा दी थी। इस हमले में भारतीय इंजीनियर श्रीनिवास कुचिभोतला की मौत हो गई थी जबकि आलोक मदसानी घायल हो गए थे।
घटनास्थल पर मौजूद इयान ग्रिलोट ने दोनों भारतीयों को बचाने के लिए हमलावर के ऊपर छलांग लगा दी थी। वह पूरी ताकत से हमलावर से भिड़ गए थे। इस दौरान उन्हें भी कुछ गोलियां लगी पर उन्होंने हार नहीं मानी। ग्रिलोट की बहादुरी की वजह से ही दूसरे भारतीय युवक की जान बच पाई थी।
ग्रिलोट को 25 मार्च को इंडियन हाउस ह्युस्टन में आयोजित होने वाले 14वें वार्षिक समारोह में सम्मानित किया जाएगा। इयान ग्रिलोट ने लोगों का शुक्रिया अदा करते हुए कहा कि आप सभी की दुआओँ की वजह से ही मैं इतनी जल्दी ठीक हो पाया हूं। मैं इस समारोह में हिस्सा लेने के लिए काफी उत्साहित हूं।