अमेरिका एशिया प्रशांत क्षेत्र में अपनी सुरक्षा के लिए भारत को एक अहम देश के रूप में देखता है। अमेरिकी रक्षा मुख्यालय पेंटागन ने यह बात भारत को मिले अहम रक्षा सहयोगी के दर्जे को ट्रंप प्रशासन द्वारा अमली जामा पहनाने की शुरुआत के बीच कही है।
पेंटागन के प्रवक्ता ने कहा कि रक्षा मंत्री जेम्स मेटिस ने भारत के साथ रक्षा संबंध को सबसे ऊपर रखा है और भारत-अमेरिका संबंध सही दिशा में हैं। पेंटागन का यह बयान मेटिस और भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत के डोभाल की पिछले सप्ताह पेंटागन में हुई सफल बैठक के बाद आया है। खबरों के अनुसार, अमेरिका के सुरक्षा सलाहकार ले. जनरल एच आर मैकमास्टर जल्द ही भारत के दौरे पर आएंगे।
हालांकि व्हाइट हाउस ने इस यात्रा के बारे में कोई भी टिप्पणी करने से इनकार किया है। भारत के तत्कालीन रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर से फोन पर अपनी पहली बातचीत में मेटिस ने कहा था कि वह रक्षा क्षेत्र में भारत-अमेरिका संबंध को वहां से आगे ले जाने के लिए तैयार हैं जहां उनके पूर्ववर्ती ऐशटन कार्टर द्वारा छोड़ा गया था। रक्षा समझौतों को भारत-अमेरिका संबंध में सबसे ऊपर रखते हुए ट्रंप प्रशासन ने भारत को दिये अहम रक्षा सहयोगी के दर्जे को लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।