प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से शादी-विवाह और अन्य जरूरतों के लिए एक वर्ष तक सोने की खरीदारी न करने की अपील के बाद सुल्तानपुर में सराफा व्यापारियों और स्वर्ण कारीगरों में चिंता बढ़ गई है। व्यापारियों का कहना है कि सोना कारोबार ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन है और लंबे समय तक खरीदारी प्रभावित होने से छोटे दुकानदारों, कारीगरों और मजदूरों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो सकता है। सराफा व्यवसाय से जुड़े लोगों का कहना है कि इस क्षेत्र में लाखों परिवार प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े हैं, लेकिन व्यापार मंदा होने की स्थिति में सरकार की ओर से किसी आर्थिक सहायता या राहत योजना की स्पष्ट व्यवस्था नहीं है। व्यापारियों ने मांग की है कि यदि सोने की खरीद पर रोक या कमी की अपील की जाती है तो सरकार को सराफा कारोबारियों और स्वर्ण कारीगरों के हितों को ध्यान में रखते हुए सहायता पैकेज व वैकल्पिक रोजगार की योजना भी बनानी चाहिए।