सरधना के ऐतिहासिक रोमन कैथोलिक चर्च में गुड फ्राइडे के अवसर पर विशेष प्रार्थना सभा का आयोजन किया गया। इस दौरान प्रभु यीशु के बलिदान और उनके बताए प्रेम, दया, करुणा और क्षमा के संदेशों को याद किया गया। ईसाई समाज के लोगों ने सामूहिक रूप से प्रार्थना कर उन्हें नमन किया। गुड फ्राइडे को ईसाई समुदाय द्वारा दुख और तपस्या के दिन के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने व्रत, उपवास और संयम रखकर प्रभु यीशु के बलिदान को स्मरण किया। फादर मर्टिन रावत ने बताया कि यह दिन मानवता के उद्धार और पापों से मुक्ति के लिए प्रभु यीशु द्वारा दिए गए सर्वोच्च बलिदान की याद दिलाता है। प्रार्थना सभा के दौरान प्रभु यीशु के अंतिम सात वचनों का वाचन किया गया। धर्मगुरुओं ने कहा कि यीशु मसीह ने अपने जीवन से प्रेम, त्याग, दयालुता और क्षमा का जो संदेश दिया, वह आज भी समाज के लिए मार्गदर्शक है।