देश की आजादी की पहली लड़ाई का गवाह रहा झांसी का स्टार फोर्ट दो दिनों के लिए खोला गया। सितारे के आकार के इस किले को देखने के लिए भारी संख्या में लोग पहुंचे।
04 जून 1857 को स्वराज के लिए 12 इंफेंट्री व 14 कैवलरी ने मिलकर सबसे पहले स्टार फोर्ट में क्रांति की शुरूआत की थी और 12 बंगाल इंफेंट्री जो नौगांव छावनी से झांसी पहुंची थी, ने 14 कैवलरी के साथ मिलकर स्टार फोर्ट पर कब्जा किया था। स्टार फोर्ट उस काल में अंग्रेजी सरकार का एक महत्वपूर्ण किला था। जमींदारों व राजाओं से वसूला जाने वाला लगान किले के कोषागार में रखा जाता था, लगान न देने पर अंग्रेजी सैनिक जमींदारों व राजाओं को फोर्ट की जेल में कैद कर लेते थे। अब यह किला आर्मी के पास है।