माती कोतवाली क्षेत्र में नौ जून की रात बिजली संविदा कर्मी दुर्गेश की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर परिजनों और ग्रामीणों ने बुधवार को कोतवाली का घेराव करने का प्रयास किया। इस दौरान पुलिस ने भीड़ को कोतवाली परिसर के बाहर ही रोक दिया और लोगों को वहां से हटा दिया। परिजनों और ग्रामीणों का आरोप है कि दुर्गेश की हत्या की गई थी। उनका कहना है कि पुलिस ने हत्या का मामला तो दर्ज कर लिया है, लेकिन गिरफ्तारी नहीं की गई है। इसी को लेकर घटना के बाद से लगातार ग्रामीणों में नाराजगी बनी हुई है। प्रदर्शन की सूचना को देखते हुए पुलिस प्रशासन सुबह से ही सतर्क रहा। कोतवाली परिसर और आसपास के क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। जैसे ही बड़ी संख्या में लोग कोतवाली गेट पर पहुंचे और घेराव की तैयारी करने लगे, पुलिस ने हस्तक्षेप करते हुए भीड़ को आगे बढ़ने से रोक दिया। इस दौरान हल्की सख्ती दिखाते हुए लोगों को वहां से खदेड़ दिया गया।