अमर उजाला की ओर से शुक्रवार को सिविल लाइन स्थित कार्यालय में युवतियों, महिलाओं के लिए लर्नर ड्राइविंग लाइसेंस बनाने के लिए शिविर का आयोजन किया गया। इसमें 103 महिलाओं ने पंजीकरण करवाया। इनमें से 66 के लर्नर लाइसेंस प्रक्रिया पूरी कर बनाए गए। लर्नर लाइसेंस आसानी से बनने पर युवतियों व महिलाओं के चेहरे खुशी से खिल उठे। शिविर में अभिभावक खुद अपनी बेटियों को साथ लेकर लाइसेंस बनवाने आए। महिलाओं के साथ आए पति भी पूरे समय तक शिविर में मौजूद रहे। शिविर के दौरान सुबह से अमर उजाला कार्यालय में आवेदकों की भीड़ जुटने लगी थी। सुबह ग्यारह बजते-बजते कार्यालय में आवेदकों की संख्या सौ तक पहुंच गई। साइबर एक्सपर्ट सारथी सुपरवाइजर राज तिवारी और एआरटीओ दफ्तर से आए पवन कुमार व वशीर हाशिम ने प्रक्रिया पूरी करने में सभी की मदद की। भीड़ बढ़ने पर दो और साइबर एक्सपर्ट फिरोज तथा अराफात अहमद और आलोक शुक्ला को भी बुलाना पड़ा। लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए पूरी टीम आरआई (रीजनल इंस्पेक्टर) प्रदीप कुमार और पीटीओ (पैसेंजर टैक्स ऑफिसर) अवध राज गुप्ता की निगरानी में पूरे समय जुटी रही। दोपहर में भीड़ बढ़ने पर आरआई प्रदीप कुमार और पीटीओ अवध राज गुप्ता खुद ही लाइसेंस बनवाने में प्रक्रिया में जुटे दिखे। उन्होंने न सिर्फ आवेदकों की मदद की बल्कि परिवहन विभाग की ऑनलाइन सेवाओं के बारे में जानकारी देते हुए अमर उजाला की पहल की सराहना भी की। एआरटीओ प्रशासन / प्रवर्तन ओपी सिंह जिले से बाहर थे लेकिन वह शिविर के बारे में पल-पल की खबर लेते रहे। कहा- थैंक्स अमर उजाला जिन युवतियों और महिलाओं के लर्नर लाइसेंस बन गए, उनके चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। सभी ने मुस्कुराते हुए अमर उजाला को थैंक्स करते हुए कहा कि जो सुविधा उपलब्ध कराई है, वह सराहनीय है।