रुदौली के मवई क्षेत्र की ग्रामसभा अमीरपुर के मजरे मांजनपुर में केले के खेत में रखवाली कर रहे किसान की संदिग्ध परिस्थितियों में खेत की बाड़ में बिजली करंट प्रवाहित होने के कारण इसकी चपेट में आने से मौत हो गई। साथ में एक वनरोज की भी बिजली के तार में लिपटा हुआ शव मिला है। घटना की जानकारी से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया। सोमवार सुबह मांजनपुर गांव के बाहर शौच के लिए गए ग्रामीणों ने केले के खेत के किनारे एक व्यक्ति और वनरोज का शव किनारे बंधे तारों में लिपटा हुआ देखा। घटना की जानकारी ग्रामीणों ने मवई पुलिस को दी। मौके पर थाना प्रभारी सुरेश पटेल और वन विभाग के अधिकारी पहुंच गए। पुलिस ने मृतक के शव की आसपास के लोगों से शिनाख्त कराई तो इसी थाना क्षेत्र के रसूलपुर मजरे कुशहरी गांव निवासी रामसूरत यादव (42) के रूप में पहचान हुई। वह मजदूरी पर केले के खेत की रखवाली करते थे। ग्रामीणों की माने तो केले का खेत रानीमऊ चौराहा निवासी चिरई ने किराए पर लेकर उसमें केला लगवाया था और रामसूरत को रखवाली के लिए रखा था। ग्रामीणों के अनुसार खेत के किनारे पर लगे तारों में काफी दिनों से बिजली करंट प्रवाहित कर रखा गया था लेकिन बिजली विभाग के अधिकारियों को इसकी भनक तक नहीं लगी। अगर विभाग इसको पहले से ही गंभीरता से ले लेता तो शायद यह हादसा नहीं हो पाता। वन विभाग की टीम ने वनरोज के शव को जेसीबी मशीन की मदद से गड्ढा खुदवा कर उसका अंतिम संस्कार करवा दिया है। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पंचनामा भर कर जिला मुख्यालय भेज दिया है। इस संबंध में रुदौली के पुलिस क्षेत्राधिकारी आशीष कुमार निगम ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। मौके पर पुलिस को भेजा गया है। पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल पाएगा। फिलहाल अभी मृतक के परिजनों की तरह से कोई तहरीर नहीं मिली है।