पड़ोसी देश से युद्ध की आशंका से पहले मॉक ड्रिल के माध्यम से तैयारियों को परखा जा रहा है, जिसमें देश के 244 जिले में से उत्तर प्रदेश के 19 जिलों को शामिल किया गया है। हालांकि अमेठी जिला इस सूची में शामिल नहीं है, फिर भी आपात स्थिति में आपदा प्रबंधन की परख के लिए डीएम ने मॉक ड्रिल कराने का फैसला लिया है। सात मई बुधवार को दोपहर 12 बजे सायरन बजने के साथ ही सभी तहसीलों, जिला मुख्यालय, पुलिस, एनसीसी, स्काउट, औद्योगिक क्षेत्र आदि में अभ्यास किया जाएगा। डीएम संजय चौहान ने कहा कि सायरन की आवाज सुन कर घबराए नहीं, सभी प्रकार की विद्युत आपूर्ति बंद करने संग वाहन तत्काल सड़क किनारे रोक दें। घरों में इनवर्टर, जनरेटर, अन्य उपकरण बंद कर दें। फायर ब्रिगेड, एम्बुलेंस व परिवहन की सुविधा तैयार रखने संग कंट्रोल रूम की स्थापना की जाएगी। डीएम ने कहा कि मॉक ड्रिल से आम जनता में जागरूकता बढ़ेगी और आपदा प्रबंधन की जानकारी घर-घर पहुंचेगी। लोग इस अभ्यास में सहयोग करें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। बैठक में सीडीओ सूरज पटेल, एडीएम अर्पित गुप्ता, एएसपी हरेंद्र कुमार, डीडीओ वीर भानु सिंह सहित सभी एसडीएम, सीओ व संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।