शिमला शहर के पुराने बस स्टैंड परिसर में दोपहर बाद ड्राइवर यूनियन ने गेट मीटिंग कर मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। सैकड़ों की तादाद में एकत्रित ड्राइवरों ने नारेबाजी की। यूनियन का कहना है कि 2016 से उनका एरियर भुगतान नहीं हुआ है और 2018 से उन्हें महंगाई भत्ता (डीए) भी नहीं मिला है। यूनियन ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द मांगें नहीं मानी गई तो एक अगस्त से वर्क टू रुल के तहत काम किया जाएगा। पुराने बस स्टैंड में दोपहर एक बजे के करीब एचआरटीसी के ड्राइवर यूनियन ने गेट मीटिंग की। इसके बाद यूनियन के वरिष्ठ उप प्रधान रंजीत ठाकुर की अध्यक्षता में नारेबाजी की। यूनियन ने कहा कि सरकार और परिवहन विभाग उनकी मांगों को हर बार अनसुना कर रहा है। इसके अलावा अधिकारी बैठक बार-बार टाल रहे है। वहीं ड्राइवरों को नाइट ओवरटाइम, पदोन्नति, वर्दी वितरण, और स्पेयर पार्ट्स की उपलब्धता नहीं करवाए जा रहे है। यूनियन ने चेताया कि अगर सरकार और परिवहन विभाग ने इस पर गंभीरता नहीं दिखाई तो 1 अगस्त से सीमित कार्य अवधि के तहत काम किया जाएगा। यूनियन ने स्पष्ट किया कि वे केवल अपना हक मांग रहे हैं, और अब चुप नहीं बैठेंगे। इस अवसर पर लोकल डिपो के प्रधान लतेश कुमार, लेज राम, धर्मवीर, पदम सिंह समेत अन्य लोग भारी संख्या में मौजूद रहे।