जिले में प्रशासन ने बड़ी और सख्त कार्रवाई करते हुए लगभग 4 करोड़ रुपये मूल्य की शासकीय भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया है। यह कार्रवाई गुना-अशोकनगर मुख्य मार्ग पर बरखेड़ी क्षेत्र में की गई, जहां सड़क किनारे लंबे समय से अवैध कब्जा किया गया था।
जानकारी के अनुसार शासकीय भूमि पर अवैध रूप से एक ढाबे का निर्माण कर लिया गया था। जांच में सामने आया कि इस अतिक्रमण के पीछे राजस्व विभाग का ही एक अधिकारी जिम्मेदार है। बताया गया है कि राजस्व निरीक्षक सुखबीर रघुवंशी, जो वर्तमान में अशोकनगर जिले में पदस्थ हैं, द्वारा इस भूमि पर अवैध कब्जा कर लक्ष्मी ढाबा का संचालन कराया जा रहा था।
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हैरानी की बात यह रही कि जिस अधिकारी की जिम्मेदारी भूमि की नाप-जोख और संरक्षण की होती है, वही स्वयं अतिक्रमणकर्ता निकला। शिकायत मिलने और जांच पूरी होने के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई का फैसला किया।
सोमवार सुबह करीब 8 बजे राजस्व विभाग की टीम पुलिस बल के साथ बुलडोजर लेकर मौके पर पहुंची और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया। कुछ ही समय में ढाबे को जमींदोज कर शासकीय भूमि को अतिक्रमण से मुक्त करा लिया गया। यह पूरी कार्रवाई कोतवाली थाना क्षेत्र में की गई, जहां कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात रहा।