पंजाब में दशकों बाद पानी का जलजला आया है। अमृतसर, गुरदासपुर, तरनतारन, कपूरथला समेत ज्यादातर जिले इससे प्रभावित हैं। बुधवार को हुई तेज बारिश और बांधों से पानी छोड़ने जाने की वजह से रावी, सतलुज, ब्यास समेत सभी नदियां और नहरें उफान पर रहीं जिससे लाखों एकड़ भूमि, और सैकड़ों गांव जलमग्न हो गए। लोग घरों को छोड़कर सामान समेत सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन करने को मजबूर हो गए हैं।
सेना, बीएसएफ, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस, हेलिकॉप्टर और स्पेशल वाहन लोगों को रेस्क्यू करने में लगे हैं। कई लोग नहरों, खड्डों में बहने से जान गंवा चुके हैं। बुधवार को पठानकोट क्षेत्र में एक परिवार के चार लोग बह गए थे। इनमें से 9 साल की बच्ची का शव बरामद कर लिया गया जबकि तीन अब भी लापता हैं। खडूर साहिब में भी बाढ़ की वजह से वीरवार को दो लोगों की मौत हो गई।