दिल्ली में प्रस्तावित सीजेपी संसद मार्च से पहले सुरक्षा व्यवस्था अभूतपूर्व स्तर पर पहुंचा दी गई है। पूरी नई दिल्ली में बीएनएसएस की धारा 163 लागू कर दी गई है। पुलिस को आशंका है कि प्रदर्शनकारी प्रधानमंत्री आवास, इंडिया गेट और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों की ओर बढ़ सकते हैं। इसी को देखते हुए नई दिल्ली को 15 जोन में बांटकर 22 डीसीपी, 8 ज्वाइंट और एडिशनल सीपी, 40 अर्द्धसैनिक बलों की कंपनियों और वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों को तैनात किया गया है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि उसका उद्देश्य टकराव नहीं बल्कि कानून व्यवस्था बनाए रखना है।
उधर सफदरजंग अस्पताल से जारी संदेश में सोनम वांगचुक ने कहा कि वह 20 जुलाई को अपना अनशन तभी समाप्त करेंगे जब सरकार शिक्षा व्यवस्था की विफलताओं की जिम्मेदारी स्वीकार करे, या सीजेपी नेतृत्व संसद तक पहुंचकर सांसदों से मुद्दा उठाने का आश्वासन प्राप्त करे, अथवा स्वास्थ्य कारणों से सांसद अस्पताल आकर यही भरोसा दें।