जमीनों से बेदखली को लेकर च्वाई में बागवानों ने प्रदर्शन किया। हिमाचल किसान सभा के बैनर तले बागवानों ने वन विभाग के रेंज अधिकारी कार्यालय के बाहर धरना दिया और जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के बाद किसानों ने रेंज वन अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से सरकार से किसानों की एंटी हेल नेट को वापस करने और बेदखली रोकने की मांग उठाई गई। हिमाचल किसान सभा ने सर्वोच्च न्यायालय आदेश का हवाला देकर सरकार से यह मांग उठाई। किसान सभा ने कहा है कि डगान गांव के किसान बंसी लाल की जाली 13 मई 2023 को निकाली गई थी। इस मामले पर सर्वोच्च न्यायालय में बाबू राम बनाम हिमाचल प्रदेश राज्य शीर्षक से दायर वाद में 28 नवंबर 2024 को यथास्थिति बनाए रखने का आदेश जारी हो चुका है। अदालत के आदेश के बावजूद किसानों की भूमि से जाली हटाना और उन्हें बेदखली की ओर धकेलना न्यायसंगत नहीं है। सभा के सचिव गीता राम ने कहा कि गरीब किसानों के अधिकारों की रक्षा करना सरकार और प्रशासन की जिम्मेदारी है। इस दौरान ठियोग के पूर्व विधायक एवं किसान सभा नेता राकेश सिंघा विशेष रूप से मौजूद रहे। उन्होंने किसानों की आवाज बुलंद की। उन्होंने कहा कि किसानों की जाली तत्काल वापस लौटाई जाए। किसी भी प्रकार की जबरन बेदखली पर रोक लगाई जाए। सभा ने चेतावनी दी कि यदि न्यायालय के आदेश की अवहेलना होती है तो किसान आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे। उन्होंने इस विषय पर संबंधित न्यायिक आदेश की प्रति भी प्रशासन को सौंपी है।