चंबा के भूरि सिंह संग्रहालय में भूकंप से बचाव के लिए मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इसमें प्रशासन की टीम ने मौके पर इसे सफल बनाने में अपनी भूमिका दी। एसडीएम अरुण शर्मा ने बताया कि इस मॉक ड्रिल का आयोजन हर साल किया जाता है। इसमें आपदा के समय लोगों को कैसे सुरक्षित निकालकर उनकी जान बचानी है के बारे में अग्निशमन विभाग के जवानों ने मौके पर जानकारी दी। बता दें कि 4 अप्रैल 1905 को कांगड़ा में भूकंप आया था। भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 7.8 मापी गई और 20,000 से अधिक लोग मारे गए। इसके अलावा, कांगड़ा, मैक्लोडगंज और धर्मशाला शहरों में अधिकांश इमारतें नष्ट हो गई थीं। इसी के दृष्टिगत सभी स्कूलों, कॉलेजों, सरकारी संस्थानों और फैक्ट्रियों में मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाता है। इस मौके पर एसडीएम और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।