आषाढ़ मास में मौसम लगातार परिवर्तनशील बना हुआ है। बुधवार सुबह हल्की से मध्यम बूंदाबांदी शुरू हो गई। मतलौडा खंड में रात को करीब दो एमएम बारिश दर्ज की गई बाकी जिले में हल्की से मध्यम बूंदाबांदी हुई। बूंदाबांदी शुरू होते ही खेतों में धान रोपाई का कार्य फिर से तेज हो गया है। इसराना के किसान जयपाल और रणबीर ने बताया कि अब धान रोपाई का उचित समय है। बारिश के बाद मौसम ठंडा हो जाता है। ऐसे में धान की फसल खराब होने का खतरा कम हो जाता है और फसल में पानी भी कम लगता है। कृषि विज्ञान केंद्र उझा के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. आशीष कुमार ने बताया कि अब लगातार पांच दिन मध्यम से तेज बारिश होगी।