जिला को नशा मुक्त बनाने के संकल्प के साथ कैथल पुलिस नशा तस्करों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने और आपराधिक गतिविधियों पर लगाम कसने के लिए एसपी मनप्रीत सिंह सूदन के निर्देशानुसार शुक्रवार सुबह कलायत की सेंसी बस्ती में व्यापक सर्च अभियान चलाया गया। डीएसपी मुख्यालय बीर भान के नेतृत्व में चलाए गए इस अभियान में थाना कलायत के एसएचओ एसआई रणदीप, सीआईए कलायत प्रभारी एएसआई मनीष कुमार सहित करीब 150 पुलिसकर्मी शामिल रहे। अभियान के दौरान स्निफर डॉग की सहायता से संदिग्ध नशा तस्करों के करीब 50 घरों की सघन तलाशी ली गई। इसके अलावा आसपास के अन्य संदिग्ध स्थानों को भी खंगाला गया, ताकि मादक पदार्थों की संभावित छिपाव स्थलों और गैरकानूनी गतिविधियों का पता लगाया जा सके। डीएसपी बीर भान ने कहा कि इस विशेष अभियान का उद्देश्य नशा तस्करों और आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त लोगों पर प्रभावी अंकुश लगाना तथा क्षेत्र में कानून व्यवस्था को और मजबूत करना है। पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि नशे का अवैध कारोबार करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने बताया कि कैथल पुलिस द्वारा वर्ष 2026 के दौरान अब तक नशा तस्करी के 190 मामलों में 305 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। यह कार्रवाई नशे के नेटवर्क को तोड़ने और युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने की दिशा में लगातार जारी है। सर्च अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने स्थानीय लोगों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करते हुए अपील की कि यदि उनके आसपास कोई व्यक्ति मादक पदार्थों की खरीद-फरोख्त या अन्य गैरकानूनी गतिविधियों में संलिप्त है तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गुप्त रखी जाएगी। डीएसपी ने स्पष्ट किया कि नशा तस्करों के खिलाफ इस प्रकार के सर्च अभियान भविष्य में भी लगातार जारी रहेंगे। कैथल पुलिस का लक्ष्य केवल नशा तस्करों को गिरफ्तार करना ही नहीं, बल्कि पूरे जिले को नशे के अभिशाप से मुक्त करना है। उन्होंने आमजन से पुलिस का सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि नशा तस्करी करने वालों के लिए समाज में कोई जगह नहीं, उनकी सही जगह जेल है।