बादली में सरकारी कार्यालयों की लापरवाही अब आम लोगों की परेशानी का कारण बनती जा रही है। जहां एक ओर सड़कों और बाजारों में बेसहारा पशुओं का आतंक लगातार बढ़ रहा है, वहीं अब ये पशु सरकारी दफ्तरों के भीतर भी बेधड़क घुसने लगे हैं। एसडीएम और तहसीलदार कार्यालय परिसर में इन दिनों बकरियों और गाय-बछड़ों का खुलेआम घूमना आम बात हो गई है। मुख्य गेट पर काऊकैचर नहीं होने के चलते ये पशु बिना किसी रोक-टोक के सरकारी भवनों के अंदर तक पहुंच जाते हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एसडीएम कार्यालय की पहली मंजिल तक बकरियां पहुंच गईं, जिससे कर्मचारियों को कामकाज में खासी दिक्कत आई। वहीं तहसीलदार कार्यालय और पटवार भवन में गाय के बछड़े के घूमने से आम जनता को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बेसहारा पशुओं के चलते दफ्तरों में गंदगी फैल रही है, लेकिन किसी भी कर्मचारी की हिम्मत नहीं हो रही कि इन्हें बाहर निकाले। बादली भवन में कई विभागों के कार्यालय हैं—जिनमें एसडीएम, एसीपी, तहसीलदार, पशुपालन विभाग, उपकोष कार्यालय और कंप्यूटर रूम शामिल हैं। इनमें से अधिकांश नीचे बने हुए हैं और पशुओं के आसानी से पहुंचने लायक हैं। स्थानीय लोगों, अधिवक्ताओं और कर्मचारियों ने प्रशासन से मेन गेट पर तुरंत काऊकैचर लगाने और पशुओं को बाहर रखने के लिए उचित व्यवस्था करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो सरकारी कार्यालयों की छवि और कार्यप्रणाली दोनों पर सवाल उठने लगेंगे।