किसनों की खेती बाड़ी को देखते हुए यूरिया और डीएपी का स्टॉक बादली पहुंच गया है। ऐसे में किसानों ने भी राहत की सांस ली है। किसानों का कहना है कि यूरिया खाद देरी से पहुंचा है लेकिन अभी भी छिड़काव के लिए कुछ समय बचा हुआ है। गेहूं मे यूरिया खाद के छिड़काव से अच्छा उत्पादन होने की संभावना है।