गरीब, निर्धन और असहाय अभियुक्तों और बंदियों को निशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) के अधीन विधिक सहायता रक्षा परामर्श प्रणाली (एलएडीसीएस) की स्थापना की गई है। मगर थानों में अभी एलएडीसीएस योजना का सूचनात्मक बोर्ड नहीं लगे हैं। एलएडीसीएस चीफ मनोज तेवतिया का कहना है कि कहना है कि सूरजपुर कोर्ट परिसर में 21 जनवरी 2023 में एलएडीसीएस की स्थापना हुई थी। इसके तहत गरीब, निर्धन एवं असहाय अभियुक्तों और बंदियों को दंड प्रकिया संहिता के प्रत्येक चरण पर निशुल्क कानूनी सहायता प्रदान की जाती है। वर्तमान में एलएडीसीएस चीफ, दो डिप्टी एलएडीसीएस चीफ, तीन असिस्टेंट एलएडीसीएस कार्यरत हैं। एलएडीसीएस की ओर से एससी-एसटी, मनुष्यों के अवैध व्यापार में पीड़ित व्यक्ति, स्त्रियां और बच्चे, दृष्टीहीन, कुष्ठ रोग, बहरेपन आदि को कानूनी सहायता प्रदान की जाती है। जिसमें अभियुक्त को प्रत्येक स्तर यानी गिरफ्तारी, रिमांड, साक्ष्य, विचारण, गिरफ्तारी से पूर्व व गिरफ्तारी के बाद जमानत प्रार्थना पत्र कोर्ट में देने की सुविधा निश्शुल्क प्रदान की जाती है।