भाटिया गांव के लोगों ने 3000 मीटर की ऊंचाई पर पूजीं देव परियां
नौगांव (उत्तरकाशी)। ओलों और अतिवृष्टि से फसलों की सुरक्षा के लिए भाटिया गांव के लोगों ने बौख टिब्बा में देव परियों की पूजा की। सालों से चली आ रही देव मान्यता को निभाते हुए भाटिया गांव के 11 लोगों की टोली नंगे पांव पांच किमी पैदल चलकर बौख टिब्बा पहुंची जहां फसल सुरक्षा और क्षेत्र की खुशहाली के लिए देव परियों की पूजा की गई।
बौख टिब्बा में हुई पूजा में देव माली सुबोध डिमरी ने वन परियों को भोग के रूप में आटे का हलवा, रोट, श्रीफल, चुनरी सहित शृंंगार का सामान चढ़ाकर फसल सुरक्षा और क्षेत्र की खुशहाली का आशीर्वाद मांगा।
हर वर्ष बैसाख में भाटिया गांव के लोग देव माली के सानिध्य में भूखे और नंगे पांव पांच किमी की पैदल दूरी तय कर तीन हजार मीटर की ऊंचाई पर स्थित बौख टिब्बा में वन देवियों की पूजा कर फसल सुरक्षा की कामना करते हैं। मान्यता है कि बौख टिब्बा में पूजा संपन्न होने के बाद क्षेत्र में ओले गिरने की संभावनाएं कम रहती हैं।
देव यात्रा में शामिल लोगों को ढोल बाजों के साथ बाबा के मूल थान भाटिया गांव से बौख टिब्बा के लिए विदा किया जाता है। देव यात्रा में शामिल लोगों का शाम को वापस गांव पहुंचने पर भी ढोल बाजों के साथ स्वागत किया जाता है। देव यात्रा शुरू होने से पहले गांव के प्रत्येक परिवार से पूजा के लिए धान और आटा एकत्र किया जाता है।
धान को ओखली में कूट कर उससे निकलने वाले चावल से बौख टिब्बा में खीर और आटे का हलवा बना कर देव परियों को भोग के रूप में चढ़ा कर फसल सुरक्षा की कामना की जाती है। देव यात्रा में यशवंत रावत, मुंशी राम, योगेश डोभाल, गणेश रावत, कीर्त मणि, बुद्धि सिंह, अभिषेक सिंह, प्रदीप रावत आदि उपस्थित रहे।