बाल विकास परियोजना कार्यालय के समक्ष तीन दिनों से भूख हड़ताल पर बैठी कृष्णा रावत का शनिवार रात को अचानक ब्लड प्रेशर कम होने पर स्थानीय प्रशासन की सूचना के बाद चिकित्सकों ने स्वास्थ्य परीक्षण के बाद उसे अस्पताल में भर्ती किया। पूरी रात अस्पताल में बिताने के बाद वह सुबह आठ बजे फिर से कार्यालय के समक्ष भूख हड़ताल पर बैठ गई।
कृष्णा रावत का कहना है कि वह इसी कार्यालय में अपने प्राण त्याग देंगी, लेकिन गड़बड़ झाले की पोल खोल कर रहेंगी। उनका कहना है की विभाग के कर्मचारियों ने उनके साथ धोखा कर अगस्त में मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के पद पर दूसरी महिला की नियुक्ति की है, जबकि इस पद पर उन्हें वरियता दी जानी चाहिए थी। चिकित्सा अधीक्षक डा. रफि ने बताया कि स्वास्थ्य परीक्षण में महिला का ब्लड प्रेशर कम पाया गया। महिला को रात अस्पताल में भर्ती कर इलाज किया गया। ठीक होने पर वह सुबह आठ बजे चली गई थी। संवाद