वन भूमि हस्तांतरण नहीं होने से आ रही है दिक्कत, मार्ग बनने से हो जाएगी 40 किमी की दूरी कम
उत्तरकाशी। धनारी क्षेत्र का पटुड़ी-सेम मुखेम मोटर मार्ग वन भूमि हस्तांतरण नहीं होने से अधर में लटका है। ग्रामीणों ने कहा कि मोटर मार्ग बनने से 10 गांव रमोली के साथ सेम मंदिर तक पहुंच सकते हैं। साथ ही जनपद से इसकी दूरी 40 किमी कम हो जाएगी। ग्रामीणों ने गंगोत्री विधायक सुरेश चौहान से मुलाकात कर जल्द ही मोटर मार्ग निर्माण पर कार्रवाई की मांग की।
धनारी क्षेत्र की किसान संघर्ष समिति के अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह पंवार के नेतृत्व में समिति के लोगों ने गंगोत्री विधायक से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि पटुड़ी-सेम मुखेम मोटर मार्ग को लेकर वर्ष 2023 में मुख्यमंत्री ने घोषणा भी की थी, लेकिन आज तक इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। कहा कि वन भूमि हस्तांतरण नहीं होने के कारण अभी तक सड़क निर्माण का कार्य शुरू नहीं हो पाया।
वहीं विधायक ने प्रभागीय वनाधिकारी और लोनिवि के अधिकारियों को वार्ता के लिए बुलाया। इस पर प्रभागीय वनाधिकारी ने कहा कि इस एलाइनमेंट में अधिक बांज, बुरांश के पेड़ आने से इसकी स्वीकृति केंद्र सरकार से नहीं मिल पाई है। इसके लिए दोबारा बरसात के बाद सितंबर में ग्रामीणों और लोनिवि के अधिकारियों के साथ संयुक्त निरीक्षण कर दूसरा एलाइनमेंट किया जाएगा।
साथ ही जल्द सड़क निर्माण की कार्रवाई शुरू की जाएगी। वहीं ग्रामीणों ने पंचाणगांव सड़क से भटवाड़ी मोटर मार्ग और डांडा माजफ सड़क का कार्य जल्द शुरू करने की मांग की। इस मौके पर नत्थी सिंह कुंडरा, सुंदर सिंह कुंडरा, नत्थी सिंह रावत, विजय राणा, नत्थी सिंह नेगी, वचन सिह रावत, खुशहाल सिंह राणा, विजेंद्र सिंह राणा, राकेश चौहान आदि मौजूद रहे।