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Uttarkashi: गंगोत्री नेशनल पार्क में पारा गिरने से जमे नदी-नाले, निगरानी के लिए वन विभाग ने लगाए ट्रैप कैमरे

Thu, 27 Nov 2025 01:02 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, उत्तरकाशी

सार

शीतकाल में गंगोत्री नेशनल पार्क में अवैध शिकार रोकने और पार्क क्षेत्र में दुर्लभ वन्यजीवों की गतिविधियों की जानकारी के लिए गोमुख सहित केदारताल ट्रैक और नेलांग घाटी में करीब पचास ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं।
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हर्षिल घाटी में कुछ इस तरह जमे झरने।
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विस्तार
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गंगोत्री धाम में तापमान नीचे जाने के कारण नदी-नाले और झरने पूरी तरह जम चुके हैं। वहीं शीतकाल में गंगोत्री नेशनल पार्क में अवैध शिकार रोकने और पार्क क्षेत्र में दुर्लभ वन्यजीवों की गतिविधियों की जानकारी के लिए गोमुख सहित केदारताल ट्रैक और नेलांग घाटी में करीब पचास ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं।

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गंगोत्री नेशनल पार्क के कनखू बैरियर इंचार्ज वन दरोगा राजवीर रावत ने बताया कि गंगोत्री धाम में इन दिनों तापमान जीरो डिग्री से नीचे जा रहा है। इसलिए गंगोत्री धाम सहित नेलांग घाटी और गोमुख ट्रैक पर सभी नदी नाले जम गए हैं। पानी की आपूर्ति पूरी करने के लिए पाले से ढकी बर्फ को आग में पिघलाकर प्रयोग में लाया जा रहा है।

इसके साथ ही इन विषम परिस्थितियों में विभागीय कर्मचारियों ने समुद्रतल से करीब 10 से 13 हजार फीट की ऊंचाई वाले स्थानों पर करीब पचास ट्रैप कैमरे लगाए हैं। जिनसे शीतकाल और बर्फबारी के दौरान वन्यजीवों के अवैध शिकार की घटनाओं पर नजर रखी जाती है। साथ ही दुर्लभ वन्यजीवों स्नो लेपर्ड, भरल, भूरा भालू और कस्तूरी मृग आदि की गतिविधियों और जनसंख्या की गिनती में होती है।

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