गाजणा क्षेत्र के दो दर्जन गांवों में दो दिन से बत्ती गुल है। कड़ाके की ठंड में गांवों में बिजली नहीं होने के कारण ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। साथ ही क्षेत्र के ग्रामीणों के बैंक और तहसील में आय एवं जाति प्रमाणपत्र बनाने काम नहीं हो पा रहा। ग्रामीणों का आरोप है कि ऊर्जा निगम के कर्मचारी एवं अधिकारी फोन उठाने को तैयार नहीं हैं।
गाजणा क्षेत्र के धौंतरी, बागी, कमद, श्रीगांव, भड़कोट, न्यूगांव, बड़ेथ आदि विभिन्न गांवों में गत रविवार रात से बिजली गायब है। ऐसे में क्षेत्र के ग्रामीण ठंड के सीजन में अंधेरे में जंगली जानवरों के भय में रात बिताने को विवश हैं।
क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति ठप होने से लोगों के बैंक, ऑन लाइन राशन कार्ड का पंजीकरण व तहसील से आय, जाति एवं स्थायी निवास प्रमाणपत्र जारी नहीं हो पा रहे हैं। धौंतरी निवासी गोविंद राम नौटियाल, विशालमणी, बलवंत सिंह, गिरीश पैन्यूली, अनिल नौटियाल, कैलाश नौटियाल, जगदीश आदि ने बताया कि क्षेत्र में बिजली आपूर्ति ठप होने की सूचना ऊर्जा निगम के कर्मचारियों को देने के बावजूद कोई सुध नहीं ले रहा है। ग्रामीणों ने शीघ्र बिजली आपूर्ति बहाल नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
इधर, ऊर्जा निगम की ईई गौरव सकलानी ने बताया कि प्रतापनगर के पास विद्युत लाइन में फॉल्ट आने से धौंतरी क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बंद है। फॉल्ट को ठीक किया जा रहा है। जल्द ही गांवों में बिजली बहाल हो जाएगी।