पौराणिक माघ मेले की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। 14 जनवरी से शुरू होने वाले मेले के लिए आजाद मैदान चर्खी, झूले और दुकानों से सज गया है।
मकर संक्रांति स्नान पर्व के लिए गंगा घाटों को दुरुस्त करने और चेजिंग रूम एवं पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था की जा रही है।
रामलीला मंच पर विशाल मेला पंडाल सजाया गया है। इसके अलावा मैदान में फेब्रिकेटेड दुकानें लगाई गई हैं। इस बार माघ मेला के दौरान बारिश की संभावना को देखते हुए वाटर प्रूफ व्यवसायिक पंडाल भी लगाए गए हैं। मेला परिसर में भारी भीड़ की संभावनाओं को देखते हुए इस बार सरकारी विभागों के स्टाल पीजी कालेज के निकट पार्किंग स्थल में लगाए गए हैं।
मेला परिसर में दुकान लगाने वाले व्यापारियों का आरोप है कि उन्हें एक-एक दुकान 20 से 25 हजार रुपये किराए पर दी जा रही है। शिकायत पर डीएम विनय शंकर पांडेय ने ठेकेदार को निर्धारित मूल्य पर ही दुकानें आवंटित करने की हिदायत दी।
गंगा स्नान के लिए पहुंचने लगी देव डोलियां
पंचांग के अनुसार भले ही इस बार मकर संक्रांति 15 जनवरी को है, लेकिन वर्षों से चली आ रही परंपरा के अनुसार 14 जनवरी को ही गंगा स्नान के लिए देव डोलियां उत्तरकाशी पहुंचनी शुरू हो गई हैं।
बुधवार को संग्राली से कंडार देवता, बड़ेथी चिन्यालीसौड़ से राजराजेश्वरी एवं भद्रकाली देवी समेत अन्य गांवों से भी देव डोलियां पहुंच गई हैं। इस बार 14-15 जनवरी दोनों दिन ही देव डोलियां एवं श्रद्धालु गंगा स्नान करेंगे।
माघ मेला में शिरकत करेंगे मंत्री
उत्तरकाशी। शहरी विकास मंत्री प्रीतम पंवार 14 जनवरी तथा पर्यटन मंत्री दिनेश धनै 15 जनवरी को उत्तरकाशी पहुंचेंगे। दोनों मंत्री अलग-अलग दिन माघ मेला में शिरकत करेंगे।