गंगोत्री हाईवे पर जाम लगाने के मामले में गंगोत्री के पूर्व विधायक गोपाल रावत समेत आठ लोगों की गिरफ्तारी से गुस्साए भाजपाइयों ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन कर बिना शर्त उनकी रिहाई की मांग की।
विरोध स्वरूप 15 लोगों ने गिरफ्तारी दी और कलक्ट्रेट में धरना आंदोलन शुरू किया। भाजपाइयों ने राज्यपाल को ज्ञापन प्रेषित कर लाटा पुल निर्माण में हुई गड़बड़ी की जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई और पुल का शीघ्र निर्माण कराने की मांग की।
बता दें कि बीते साल मई में गंगोत्री के पूर्व विधायक गोपाल रावत के नेतृत्व में ग्रामीणों ने लाटा पुल निर्माण की मांग पर गंगोत्री हाईवे पर जाम लगाया था। तब इस मामले में पूर्व विधायक समेत 21 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था और शुक्रवार को इसमें से आठ लोगों को जेल भेज दिया गया।
इससे गुस्साए भाजपाइयों ने शनिवार को जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। भाजपा के प्रदेश संगठन मंत्री संजय कुमार, पूर्व काबीना मंत्री खजान दास आदि ने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा ही दमनकारी नीति अपनाई है।
पूर्व विधायक की गिरफ्तारी के विरोध में शनिवार को धर्मेंद्र सिंह, जयेंद्र पंवार, विनोद सिंह, कृष्ण प्रसाद, मुकेश, उदय सिंह, विजय सिंह, प्रेम राणा, प्रताप सिंह, कमल सिंह, चंद्रा नेगी, भगत सिंह, धीरज लाल, भागीरथी देवी, जयवेंद्र सिंह ने गिरफ्तारी दी।
भटवाड़ी मंडल अध्यक्ष नागेंद्र चौहान ने बताया कि जनहित में आंदोलन करने वालों पर दर्ज मुकदमे वापस लेकर बिना शर्त रिहा किए जाने तक आंदोलन किया जाएगा। भाजपाइयों ने राज्यपाल को ज्ञापन प्रेषित कर कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शनकारियों में स्वराज विद्वान, सुधा गुप्ता, जयवीर चौहान, हरीश डंगवाल, हरीश सेमवाल आदि शामिल थे।