सरकार बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। जिले में छह हाईस्कूलों को चार साल पहले इंटरमीडिएट का दर्जा तो दिया, लेकिन अभी तक यहां प्रवक्ताओं के पद सृजित तक नहीं हुए। ऐसे में इन विद्यालयों में हाईस्कूल स्तर के शिक्षक ही इंटर के छात्रों को पढ़ा रहे हैं।
सरकार ने वर्ष 2011-12 में हाईस्कूल मानपुर, फोल्ड, पुजारगांव, जुगुणा एवं पौंटी को इंटरमीडिएट में उच्चीकृत किया था। स्कूलों के उच्चीकरण से क्षेत्रों के लोगों को उम्मीद थी कि अब उनके बच्चों को दसवीं की बाद की पढ़ाई के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा, लेकिन सरकार के लापरवाह रवैये के चलते चार साल बाद भी लोगों की उम्मीद साकार नहीं हो पाई।
उच्चीकृत स्कूलों में दो सालों से इंटर की कक्षाएं तो चल रही है, लेकिन छात्र-छात्राओं को पढ़ाने के लिए अभी तक इन स्कूलों में प्रवक्ताओं की तैनाती तो दूर पद सृजित तक नहीं हुए।
गंगोत्री क्षेत्र के पूर्व विधायक गोपाल रावत ने मुख्य शिक्षाधिकारी को पत्र भेजकर राइंका मानपुर में संबद्ध शिक्षकों को यथावत रखने की जरूरत बताई।
कोट......
उच्चीकृत स्कूलों में पद सृजन के लिए कई बार शासन को लिखा गया है, लेकिन अभी तक पद सृजित नहीं हुई। मानपुर में दो शिक्षकों को संबद्ध किया गया था, लेकिन उनके संबद्ध के आदेश निरस्त हो गए हैं। अब पद सृजन के बाद ही इन विद्यालयों में शिक्षकों की तैनाती हो पाएगी।
लीलाधर व्यास, मुख्य शिक्षाधिकारी उत्तरकाशी।