मानसून की आहट से सतर्क हुए जिला प्रशासन ने आपदा से निपटने की तैयारियां शुरू कर दी हैं। डीएम इंदुधर बौड़ाई ने आपदा प्रबंधन के सेवन डेस्क सिस्टम को सक्रिय करने के साथ ही सभी विभागों की ओर से आपदा प्रबंधन के लिए बनाई गई कार्ययोजना की समीक्षा की।
बैठक में आपदा पूर्व तैयारियों की समीक्षा करते हुए डीएम बौड़ाई ने यात्रा मार्ग सहित अन्य सड़कों के डेंजर जोन वाले हिस्सों में मशीनें तैनात रखने को कहा।
यात्रा मार्ग अवरुद्ध होने पर निकटवर्ती स्कूलों में यात्रियों को ठहराने की व्यवस्था की जाएगी। जल विद्युत निगम से भी मनेरी, तिलोथ, जोशियाड़ा एवं चिन्यालीसौड़ में खाली आवासों की सूची मांगी। डीएम ने यात्रा मार्ग की सभी पटवारी चौकियों में सौ-सौ कंबल रखने के निर्देश दिए।
यात्रियों के ठहराव वाले स्कूलों में खाद्यान्न, बर्तन, गैस सिलेंडर की व्यवस्था पूर्ति विभाग को करने को कहा।
डीएम ने कहा कि सभी होटल-ढाबों पर रेट लिस्ट चस्पा की जाए। अधिक दाम वसूलने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
निगम मनेरी एवं जोशियाड़ा बैराज से पानी छोड़ने से पहले तटवर्ती आबादी को सतर्क करेगा। बैठक में एसपी जेआर जोशी, बीआरओ के कमांडर पुरुषोत्तम, एस बनर्जी, बीके मिश्रा, हरगिरी, ओमप्रकाश, पीएस पंवार, देवेंद्र पटवाल, एमएस सजवाण आदि मौजूद रहे।