पुरोला (उत्तरकाशी)। विकास की दौड़ में पिछड़े मोरी क्षेत्र के ग्रामीणों ने आगामी लोकसभा चुनाव में एकजुट होकर उसी प्रत्याशी एवं पार्टी के पक्ष में मतदान का निर्णय लिया है, जो योग्य हो और क्षेत्र के विकास का सच्चा वादा करेगा। इसके लिए रवाईं जन एकता मंच के बैनरतले क्षेत्र के गांवों में बैठकों का दौर शुरू हो गया है और मार्च अंत में मोरी में महापंचायत का आयोजन किया जाएगा।
क्षेत्र में शिक्षा, स्वास्थ्य, दूरसंचार, सड़क आदि मूलभूत सुविधाओं का अभाव बना हुआ है। बीते चुनावों के दौरान किए गए वायदे और घोषणाएं धरातल पर नहीं उतरने से क्षेत्र की जनता खिन्न है। अब क्षेत्र की जनता राजनीतिक रूप से जागरूक होने लगी है। क्षेत्रीय एकता को लेकर गठित रवाईं जन एकता मंच ने अब क्षेत्र के विकास के लिए योग्य प्रत्याशी की जीत सुनिश्चित करने का मन बनाया है। इसके लिए न्याय पंचायत स्तर पर पंचायतें की जा रही हैं।
बीते दिनों जखोल और आरोकोट में हुई पंचायत में वक्ताओं ने कहा कि लोकतंत्र में एक-एक वोट का महत्व है। ऐसे में यदि क्षेत्र की जनता एकजुट हो जाए, तो राजनीतिक दलों एवं प्रत्याशियों को क्षेत्र के विकास के लिए बाध्य किया जा सकता है। मंच से जुड़े दुर्गेश लाल ने कहा कि क्षेत्र की जनता एकजुट होकर उसी योग्य प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करेगी, जो क्षेत्र में बदहाल शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, विद्युत, सड़क, दूरसंचार एवं बेरोजगारी की समस्या के समाधान का भरोसा दिलाएगा। बैठक में प्रह्लाद रावत, उपेंद्र चौहान, चंद्रमणि रावत, विजयपाल, सतीश, रमेश नौटियाल, किशोर राणा, राजेंद्र चौहान, सुरेंद्र आदि मौजूद रहे।