बड़कोट (उत्तरकाशी)। यमुनोत्री हाईवे व चार धाम यात्रा के लिए सालों से नासूर बना ओजरी-डबरकोट स्लाइड जोन एक बार फिर से सक्रिय हो गया है। बृहस्पतिवार देर शाम हुई बारिश के कारण सड़क का करीब 300 मीटर हिस्सा मलबा व कीचड़ में तब्दील हो गया है, जिससे शुक्रवार को एक बस घंटों यहां दलदल में फंसी रही, जिसे सवारियों ने धक्का मारकर बमुश्किल बाहर निकाला। इस बीच स्थानीय लोगों ने शासन प्रशासन से यात्रा शुरू होने से पहले समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की।
बृहस्पतिवार देर शाम हुई बारिश के कारण ओजरी-डबरकोट में जगह-जगह भूस्खलन हुआ था, जिससे सड़क का करीब 300 मीटर हिस्सा कीचड़ में तब्दील हो गया। इस बीच शुक्रवार सुबह सात बजे जानकीचट्टी से एक बस देहरादून के लिए रवाना हुई, लेकिन ओजरी-डबरकोट पहुंचते ही बस दलदल में धंसकर फंस गई। सभी यात्री करीब चार घंटे तक इसी स्थान पर फंसे रहे। इसके बाद सवारियों ने धक्का लगाकर बमुश्किल बस को कीचड़ से बाहर निकाला।
क्षेत्र के महावीर पंवार, कुलदीप उनियाल, भगत सिंह राणा ने कहा कि वर्ष 2017 में ओजरी-डबरकोट क्षेत्र में स्लाइड जोन विकसित हुआ था, जहां आए दिन मलबा गिरने के कारण यमुनोत्री हाईवे का करीब 300 मीटर हिस्सा पूरी तरह कीचड़ व मलबे के ढेर में तब्दील हो गया है। मानसून सीजन में भारी भूस्खलन होने के दौरान बड़कोट व जानकीचट्टी के बीच कई-कई दिनों तक यातायात ठप रहता है, जिससे चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थयात्रियों व गीठपट्टी के ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने सरकार व जिला प्रशासन से यात्रा सीजन शुरू होने से पूर्व इस समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की।