उत्तरकाशी। गाजणा क्षेत्र के ग्रामीणों ने सरकार का मुंह ताके बगैर अब अपने क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने का बीड़ा उठाया है। इसके लिए ठांडी पर्यटन समिति का गठन किया गया।
ठांडी गांव के निकट भयूंणी बुग्याल में आयोजित बैठक में क्षेत्र में पर्यटन की संभावनाओं पर चर्चा की गई। हिमालय पर्यावरण जड़ी बूटी एग्रो संस्थान जाड़ी के द्वारिका प्रसाद सेमवाल ने कहा कि बूढ़ाकेदार और केदारनाथ यात्रा मार्ग पर स्थित क्षेत्र में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। यहां कई ताल, बुग्याल एवं ट्रैक पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बन सकते हैं। पर्यटकों की आवाजाही से क्षेत्र में स्वरोजगार के अवसर तैयार होंगे, जिससे पलायन पर रोक लग सकेगी। इस मौके पर ठांडी पर्यटन समिति का गठन किया गया, जिसमें गजेंद्र राणा एवं पवना देवी अध्यक्ष, बुद्धि सिंह रावत एवं ऊषा सेमवाल उपाध्यक्ष, महेश रावत एवं सुनीता देवी सचिव तथा मालचंद नेगी एवं ऊषा राणा कोषाध्यक्ष चुने गए। इनके अलावा राम सिंह राणा, विनोद राणा, शंकरदत्त सेमवाल एवं राजपाल राणा सलाहकार, कालू देवी, मनीषा पंवार, अनिल पंवार, दिनेश बिष्ट एवं यशवीर राणा सदस्य तथा कौरा देवी, पार्वती देवी, सुंदर सिंह राणा, बुद्धि सिंह डबोला और द्वारिका सेमवाल संरक्षक बनाए गए।