उत्तरकाशी। जिले की जनता को लंबे इंतजार के बाद सांस्कृतिक केंद्र व मूवी थिएटर की सौगात मिलने वाली है। कलक्ट्रेट परिसर में सालों से निर्माणाधीन संस्कृति विभाग के ऑडिटोरियम का कायाकल्प कर सांस्कृतिक केंद्र की शक्ल दी गई है। इसे पीपीपी मोड में फिल्म थिएटर के रूप में संचालित करने की योजना तैयार की जा रही है। 14 फरवरी को ऑडिटोरियम का विधिवत उद्घाटन किया जाएगा।
सालों पहले बने भवन का अभी तक प्रयोग नहीं हो सका है। भवन के डिजायन में तकनीकी खामियां होने के कारण इसमें कार्यक्रम तक नहीं हो सके। जेई प्रमेश आर्य ने बताया कि करीब 45 लाख की लागत से हुए कार्य में 150 सीटों सहित प्रोजेक्टर, स्क्रीन, लाइट, स्पीकर आदि लगाए गए हैं। ऑडिटोरियम में नाटक मंचन, सांस्कृतिक कार्यक्रम, सरकारी आयोजन सहित फिल्म दिखाने की भी योजना बनाई जा रही है। डीएम डा. आशीष चौहान का कहना है कि 27 मार्च से ऑडिटोरियम में फिल्म फेस्टिवल आयोजित किया जाएगा।
ऑडिटोरियमे में ऑपरेटर पैनल बनाना भूले
उद्घाटन के लिए तैयार ऑडिटोरियम में ऑपरेटर पैनल ही नहीं बनाया गया है। लाइट, साउंड व फिल्म को चलाने के लिए किसी भी हॉल में एक विशेष कक्ष होता है, जिसमें साजो सामान के साथ बैठा ऑपरेटर स्टेज व स्क्रीन को कांच की खिड़की से देखकर लाइट व साउंड को कंट्रोल करता है, लेकिन ऑडिटोरियम में बने कंट्रोल रूम में इस तरह की व्यवस्था नहीं है। डीएम ने इसे ठीक करने के आदेश दिए हैं। वहीं ऑडिटोरियम में बनाई गई बालकनी में तकनीकी दिक्कत होने के कारण यह किसी काम की नहीं रह गई है। पूर्व में हुए इस निर्माण में बालकनी की ऊंचाई इतनी अधिक है कि स्टेज में हो रहे कार्यक्रम को दर्शक सही से देख ही नहीं पाएगा।