उत्तरकाशी। महिला एवं बाल विकास विभाग की सुपरवाइजर एसोसिएशन ने एक दिसंबर से पूर्ण कार्य बहिष्कार की चेतावनी दी है। उन्होंने शासन-प्रशासन को 30 नवंबर तक सभी मांगे पूरी करने का अल्टीमेटम दिया है। एसोसिएशन के सदस्यों ने छठे वेतन आयोग की विसंगतियों को दूर करने, एसीपी के अंतर्गत पूर्व व्यवस्था बहाल करने, सातवें वेतनमान के तहत भत्ते व एरियर का भुगतान करने, वर्ष 2005 से लागू अंशदायी पेंशन नीति को समाप्त करने, फील्ड कर्मचारियों को बायोमीट्रिक उपस्थिति से मुक्त करने तथा अगस्त 2017 के रोके गए वेतन का भुगतान करने कि मांग उठाई।
इससे पूर्व सुपरवाइजर एसोसिएशन ने मंगलवार को मांगों को लेकर आधे दिन का कार्य बहिष्कार किया। इस मौके पर संगठन की अध्यक्ष अर्जुना चौहान, सुलोचना शाह, जयवंती नौटियाल, रेनू भंडारी, कल्पना बिष्ट, रैठी सोनी, शैला बिष्ट, रीना भंडारी आदि मौजूद थे।