सरकारी अस्पताल में मरीज की मौत से गुस्साए परिजनों ने डाक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा काटा। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
शनिवार दिन में सुनैहरी निवासी जगदीश को परिजन अस्पताल लाए। परिजनों ने आरोप लगाया कि इलाज के दौरान जगदीश को चिकित्सकों ने एक टीका लगाया था कि कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। जगदीश की मौत की खबर पर बड़ी तादाद में परिजन और मोहल्ले वाले अस्पताल में एकत्र हो गए और डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा काटा।
सूचना पर भाजपा नेता सुरेश पपनेजा के अलावा कोतवाली से पुलिस टीम भी पहुंची। बाद में परिजनों को समझा दिया गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। इधर कोतवाल प्रमोद शाह ने बताया कि देर शाम तक परिजनों की ओर से कोई तहरीर नहीं मिली है।
सरकारी अस्पताल में डयूटी पर तैनात डा. दर्शन सिंह ने बताया कि मरीज को शुगर की बीमारी थी और उसका हल्द्वानी के एसटीएच में पिछले तीन माह से इलाज चल रहा था। सैप्टिक के कारण हालत काफी चिंताजनक थी। परिजनों ने उन्हें घर पर किसी दवा को खिलाना बताया। इससे मरीज को एलर्जी हो गई थी। गंभीर हालत में पहुंचे मरीज की हालत ऐसी नहीं थी कि उसे इलाज के बिना हायर सेंटर भेजा जाता। उन्होंने अपनी ड्यूटी निभाते हुए मरीज का उपचार किया।