दो अलग-अलग स्थानों पर मतदाता सूचियों में नाम दर्ज कराने वालों को अब ये चालाकी भारी पड़ सकती है। प्रशासन ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। ऐसे लोगों के खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 की धारा 31 के तहत एक वर्ष का कारावास और जुर्माने की सजा हो सकती है।
डीएम चंद्रेश कुमार ने शुक्रवार को यह स्पष्ट किया कि यदि किसी मतदाता ने निर्वाचक नामावलियों में अपना नाम एक से अधिक स्थानों पर दर्ज करवा रखा है तो वह तत्काल अपना नाम एक से अधिक स्थानों से हटवा लें अन्यथा उनके खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 की धारा 31 ''मिथ्या घोषणाएं करना’’ के तहत कार्यवाही की जायेगी। संबंधित मतदाता को एक वर्ष का कारावास या जुर्माना या दोनों से दंडित किया जा सकता है।
लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत यह निर्देशित किया गया है कि कोई भी व्यक्ति एक से अधिक निर्वाचन क्षेत्र में या किसी निर्वाचन क्षेत्र में एक से अधिक बार अपना नाम दर्ज नहीं करवा सकता है। डीएम ने कहा किसी भी मतदाता का नाम सिर्फ एक ही निर्वाचन क्षेत्र में एक ही स्थान से दर्ज किया जा सकता है।
इसलिए यदि किसी मतदाता का नाम एक से अधिक निर्वाचन क्षेत्रों में या एक ही निर्वाचन क्षेत्र में एक से अधिक स्थानों से निर्वाचक नामावली में दर्ज है तो वे अपना नाम एक ही निर्वाचन क्षेत्र में एक ही स्थान से दर्ज रहने दें। अन्य स्थानों से नाम कटवा लें। संबंधित क्षेत्र के उप जिलाधिकारियों और तहसीलदारों द्वारा शीघ्र ही निर्वाचक नामावलियों की जांच शुरू की जा रही है। किसी मतदाता का नाम किसी कारण वश एक से अधिक स्थानों पर दर्ज पाया गया तो कार्रवाई की जाएगी।