उत्तराखंड के नैनीताल, यूएसनगर और पश्चिमी यूपी से चोरी की बाइकें नेपाल में बड़ी संख्या में खप रही हैं। गिरोह के सदस्य बनबसा बार्डर से आसानी से बाइकें पार कराकर नेपाल में बेच रहे हैं। नेपाल में चोरी की बाइकों का ज्यादा पैसा मिलने और पकड़े जाने का झंझट नहीं होने के चलते गिरोह के सदस्य अपने काम में जुटे हैं। पुलिस के हत्थे चढ़े हिमालय प्रसाद उर्फ हेमेंत ने यह जानकारी पुलिस को दी।
उसने बताया कि विकास के साथ ही बरेली निवासी भानू और रामपुर के रहने वाले कालिया बाइक चोरी करते हैं। महेंद्रनगर में आटो रिपेयर की दुकान में काम करने वाला यूसुफ बाइक बिकवाने में मदद करता है। इसके अलावा यूपी के कईं अन्य चोर गिरोह भी बाइक चुराकर नेपाल लाकर बेचते हैं। उसने कालिया और भानु से ली बाइकें अपने दोस्तों को ही बेची हैं। एसओ सुशील कुमार ने बताया महेंद्रनगर में हेमंत और यूसुफ के साथ के अलावा कईं और लोग भी पश्चिम यूपी और यूएसनगर में सक्रिय बाइक चोरों के संपर्क में हैं और चोरी की बाइकें बिकवाने का काम करते हैं।
विक्की बनबसा बार्डर तक पहुंचने वाले हर रास्ते से वाकिफ होने के कारण चेकिंग होने पर वह रास्ता बदल देता था। वह अक्सर हाइवे से ही चोरी की बाइकें बनबसा ले जाता था। विकास और हेमेंत ने बताया कि अगर नंबर प्लेट, हेलमेट के साथ बाइक की गति धीमी हो तो बनबसा से गडडा चौकी तक कोई रोकटोक नहीं होती है। भारत में 1 लाख की बुलेट साढ़े 3 से 4 लाख रुपये में बिक जाती है। जो चोरी की बाइक यूपी में 8 से 10 हजार रुपये में बिकती है, वो नेपाल से 20 से 25 हजार रुपये में बिक जाती है।