काशीपुर। सूरज की तपिश दिनोंदिन बढ़ती जा रही है। बुधवार को अधिकतम तापमान दो डिग्री बढ़कर 40 पहुंच गया। दिन चढ़ते ही पारा भी चढ़ने लगा और दोपहर तक तपिश इतनी बढ़ गई कि सड़कों पर सन्नाटा छाने लगा। महिलाएं और युवतियां ताप से बचने के लिए खुद को कपड़ों से ढक कर घर से निकली रही हैं।
सुबह से ही सूरज की किरणें चुभने लगी थीं और जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया गर्मी का असर और बढ़ता गया। दोपहर में गर्म हवा ने हालात और मुश्किल बना दिए। तेज गर्मी से सड़कों और बाजारों में आम दिनों की तुलना में काफी कम भीड़ देखने को मिली।
लोग सिर पर कपड़ा, आंखों पर चश्मा और हाथ में पानी की बोतल लेकर ही घरों से निकलते नजर आए। इस दौरान राहगीर छांव की तलाश करते नजर आए। पेड़ों, बस स्टॉप और दुकानों के बाहर खड़े होकर लोग राहत पाने की कोशिश करते रहे। गर्मी से सबसे ज्यादा परेशानी मजदूरों, रिक्शा चालकों और ठेला लगाने वालों को उठानी पड़ी।
इन क्षेत्रों में पसरा रहा सन्नाटा
काशीपुर क्षेत्र की व्यस्त रहने वाली बाजपुर रोड पर सन्नाटा रहा। इसके अलावा जसपुर, बाजपुर निजी बस अड्डों में भी यात्री न के बराबर दिखे और बसें खड़ी नजर आई। यही हालत रोडवेज बस अड्डे का रहा यहां भी यात्री नहीं दिखें।रेलवे स्टेशन पर भी संख्या कम ही दिखी।
गर्मी से बचाव के उपाय
विशेषज्ञों ने लोगों को दोपहर के समय घर से न निकलने की सलाह दी है। यदि बाहर निकलना आवश्यक हो तो हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें, सिर को ढककर रखें और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें। ताजे फल और सब्जियों का सेवन भी गर्मी से राहत दिलाने में सहायक होता है। बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है।
कोट -
तराई क्षेत्र में आगामी दिनों में दो से तीन डिग्री तापमान और बढ़ेगा। मौसम शुष्क बना रहेगा। सूरज की तपिश और तापमान बढ़ने से गर्मी भी बढ़ेगी।
- डा. अनिल काला, मौसम वैज्ञानिक देहरादून
खटीमा में उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल
खटीमा। आर्द्रता का प्रतिशत बढ़ने से लोग उमस भरी गर्मी से बेहाल रहे। गर्मी के कारण दोपहर के समय बाजारों में सन्नाटा रहा। धूप से बचने के लिए लोग छाता लेकर घरों से निकले। अधिकतम तापमान 38.5 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम वेधशाला के प्रभारी नरेंद्र सिंह रौतेला ने बताया कि आर्द्रता 50 प्रतिशत से अधिक होने के कारण उमस हो रही है। तापमान में और बढ़ोतरी की आशंका है।