रुद्रपुर। मुख्य शिक्षा अधिकारी ने राजकीय प्राथमिक विद्यालय टांडा का औचक निरीक्षण किया। इसमें विद्यालय में तैनात तीन में से दो शिक्षिकाएं गायब मिलीं। बच्चे विद्यालय परिसर में घूमते-खेलते दिखे। उन्हाेंने दोनों अनुपस्थिति शिक्षिकाओं का एक दिन का वेतन रोकते हुए स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
हल्द्वानी में मंगलवार को शिक्षा मंत्री की समीक्षा बैठक थी। बैठक में शामिल होने के लिए मुख्य शिक्षा अधिकारी केएस रावत निकले थे। इस दौरान 11:40 बजे उन्होंने राजकीय प्राथमिक विद्यालय टांडा का औचक निरीक्षण किया। यहां जया पंत और पूनम सुयाल नामक दो शिक्षिकाएं विद्यालय से नदारद मिली। अनुपस्थिति का कारण पूछने पर पता लगा कि इसके लिए कोई आवेदन भी नहीं किया गया है। निरीक्षण में पाया गया कि विद्यालय में कुल 58 बच्चों में से 33 उपस्थिति थे। बच्चे विद्यालय परिसर में खेलते-घूमते पाए गए। विद्यालय में बच्चों का शैक्षिक स्तर एकदम कमजोर मिला। इसे लापरवाही मानते हुए मुख्य शिक्षा अधिकारी ने दोनों शिक्षिकाओं का एक दिन का वेतन रोकते हुए उप शिक्षा अधिकारी के माध्यम से दोनों का स्पष्टीकरण तलब किया है।
सीईओ, केएस रावत ने बताया कि निरीक्षण में गायब मिलीं दोनों शिक्षिकाओं का एक दिन का वेतन रोक दिया गया है। उप शिक्षा अधिकारी को स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए गए हैं।