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तीन अप्रैल की मध्यरात्रि चैती मंदिर पहुंचेगा देवी का डोला 

Sun, 02 Apr 2017 12:24 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, काशीपुर।
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Chaiti temple kashipur - फोटो : अमर उजाला
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काशीपुर। भगवती बाल सुंदरी का डोला तीन अप्रैल की मध्यरात्रि पक्का कोट स्थित पंडा आवास से चैती मंदिर के लिए रवाना होगा। प्रधान सहायक पंडा मनोज अग्निहोत्री पूजा, अर्चना के बाद मध्यरात्रि भगवती की स्वर्ण प्रतिमा को गोद में लेकर डोली में बैठेंगे।
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डोली को कंधों पर उठाकर लोग करीब पांच किमी पैदल चलकर चैती मंदिर पहुंचेंगे। डोली के साथ दर्जनों श्रद्धालुओं का जुलूस चलेगा। मेले में पुलिस की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। मूर्ति नौ अप्रैल तक चैती मंदिर मेला परिसर में भक्तों के दर्शन के लिए रहेगी। 

काशीपुर। चैती मंदिर के जिस स्थान पर सती की बांयी भुजा गिरी है,वहां पर मठ है। जिसे सिद्धपीठ की मान्यता है। यहां भगवती को बाल रुप में पूजा जाता है। यह कहना है चैती मंदिर के प्रधान पंडा वंश गोपाल का। उन्होंने बताया कि भगवती की सिद्ध प्रतिमा है जो अष्टमी से जनता के दर्शनों के लिए चैती मंदिर में विराज मान होती है। देश भर से श्रृद्धालु यहां दर्शनों के लिए आते है।
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पंडा ने बताया कि चैती मंदिर में देवी मठ आदिकाल से है। इसलिए यह स्थान पौराणिक है। यहां भगवती के बाल रुप में देवी की पूजा होती है। भगवती बाल सुंदरी के रूप में देवी की सभी शक्तियां निहित हैं, जो भक्तों के कष्टों को दूर करती है। देवी के बाल रुप में महाकाली का असुर मर्दनी, लक्ष्मी का मुकुट, सरस्वती की सौम्यता है।

मुख्य पंडा विकास अग्निहोत्री ने बताया कि  बरेली, बिजनौर , नैनीताल, ऊधमसिंह नगर के बुक्सा जनजाति के लोग बाल सुंदरी को कुलदेवी मानते है,जो हर साल आते है। एक साल बरेली के दूसरे साल बिजनौर के लोग देवी दर्शनों को आते हैं।

यह नवमी, दशमी को परिवारों के साथ मेला परिसर में ही ठहरते हैं। इनकी मन्नत पूरी होती है। अष्टमी नवमी को दर्शन करने वालों की भारी भीड़ लगती है। मेले में आने वाले सभी जाति धर्मों के लोग भगवती बाल सुंदरी पर अटूट विश्वास करते हैं। 

काशीपुर। इस साल नखासा बाजार में रौनक नहीं है। सवारी वाले उन्नत प्रजातियों के घोड़े कम आए। ग्राहक भी कम पहुंचे। अभी तक बड़ी नस्ल का एक भी महंगा घोड़ा नहीं बिका है। जिस कारण घोड़ा बाजार में रौनक कम है।  इस साल अब तक केवल रिच्छा, बहेड़ी, (बरेली) स्वार, टांडा (रामपुर), बदायूं और आस पास के ही घोड़ो के व्यापारी घोड़े लेकर आए। 

काशीपुर। चैती मेला सजकर तैयार हो गया है।  दुकानदारों को देवी की मूर्ति के चैती मेले में आने का इंतजार है। चैती मेला शुरु हुए चार दिन हो चुके है। सभी दुकानों का स्ट्रक्चर, पोर्टेबल, वाटर प्रूफ है। दुकान तैयार हो रही है। ढोलक बाजार, चूड़ी बाजार, मीना बाजार, दरी, दरियां और चादरों की दुकानें, सज गई। मेला प्रबंधक पंडा विकास अग्निहोत्री ने बताया कि मेला की सभी तैयारियां पूरी हो गई है। चिन्हित स्थानों पर सीसीटीवी केमरें लगाए जा चुके है। मेले में सुरक्षा बल की सभी तैयारियां पूरी कर ली है।
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