काशीपुर। यूपी से डीएलएड करने वाले शिक्षकों ने उत्तराखंड शिक्षा विभाग पर परेशान करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि शिक्षा विभाग फर्जी दस्तावेज के आधार पर नौकरी प्राप्त करने की बात कहकर शिक्षकों को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहा है जबकि उन्होंने सही प्रक्रिया के तहत नौकरी प्राप्त की है।
शिक्षकों ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश से डीएलएड करने के बाद पूरी प्रक्रिया से गुजरकर शिक्षक की नौकरी प्राप्त की है। इसके बावजूद शिक्षा विभाग के अधिकारी बिना तथ्यों के फर्जी दस्तावेज बताकर शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं। ऐसे में उत्तर प्रदेश से डीएलएड करके नौकरी प्राप्त करने वाले शिक्षकों की छवि धूमिल हो रही है और मानसिक रूप से प्रताड़ित हो रहे हैं। वह शिक्षण कार्य भी सुचारू रूप से संचालित नहीं कर पा रहे हैं जबकि शिक्षकों ने कई बार शिक्षा विभाग के विभिन्न अधिकारियों को स्पष्ट किया है कि उत्तर प्रदेश राज्य में सामान्य निवास के आधार पर डीएलएड में प्रवेश मिलता है। शिक्षकों का आरोप है कि विभाग 2024 में नियुक्त हुए उत्तर प्रदेश से डीएलएड किए हुए अध्यापकों को ही टारगेट बना रहा है जबकि 2024 से पूर्व में 2019 व 2021 में भी उत्तराखंड में उत्तर प्रदेश से डीएलएड करके सहायक अध्यापक के रूप में शिक्षक नियुक्त हुए हैं। प्रेस विज्ञप्ति जारी करने वालों में भूपेंद्र, राजपाल, रजत, प्रवीण, पूजा, अनूप, अनामिका, शिवानी आदि शामिल हैं। ब्यूरो