पीएम आवास योजना के नाम पर धोखाधड़ी
रुद्रपुर। प्रधानमंत्री आवास योजना के नाम पर महिला से धोखाधड़ी के दो आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। पीड़ित महिला ने एक अभियुक्त पर झूठी शादी के कागज बनाने का आरोप भी लगाया है। कोतवाली पुलिस को सौंपी तहरीर में खेड़ा कॉलोनी निवासी महिला का कहना है कि क्षेत्र के ही जफर सैफी और असगर रजा का उसके घर में आना-जाना था।
पिछले वर्ष नवंबर में दोनों ने उसे प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने के नाम पर पांच हजार रुपये के साथ ही आवश्यक कागजात ले लिये थे। इसी बीच दोनों ने उससे एक सादे स्टांप पेपर पर हस्ताक्षर भी करवाये, लेकिन उसे किसी भी योजना का लाभ नहीं दिलाया। उसका यह भी आरोप है कि पिछले कुछ दिनों से जफर सैफी उसे अपनी पत्नी बता रहा है।
जब उसने इसका कारण पूछा तो जफर ने बताया कि उसके द्वारा दिये गये स्टांप पेपर पर उसने निकाहनामा बना लिया है। इसके आधार पर वह उसकी पत्नी है। इस दौरान जफर ने कई बार उसके घर में घुसकर उसके साथ छेड़छाड़ भी की। पीड़िता की तहरीर के आधार पर पुलिस ने जफर सैफी और असगर रजा के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
बचत खाते से उड़ाई 20 हजार की नगदी
सितारगंज। एक किसान के बचत खाते से ठग ने 20 हजार रुपये निकाल लिए। तीन दिन बाद किसान ने खाता में रकम चेक की तो पता चला कि उसके खाते से एटीएम द्वारा रुपये निकाले गए हैं। उसने पुलिस को ठग के खिलाफ तहरीर देकर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
उकरौली गांव के किसान कमला प्रसाद ने मंगलवार को पूर्व प्रधान मदन लाल के साथ कोतवाली पहुंचकर पुलिस को तहरीर दी। बताया कि भारतीय स्टेट बैंक की नगर शाखा में उसका बचत खाता है। 28 अप्रैल को किसी ठग ने एक्सिस बैंक के एटीएम के माध्यम से उसके खाते से 20 हजार रुपये निकाल लिए।
मंगलवार को बैंक में बैलेंस चेक करने पर उसे निकासी का पता चला जबकि, उसने अपने खाते का एटीएम यूज ही नहीं किया। उसने पुलिस से मामले की जांच कर अज्ञात ठग का पता लगाने और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया था।
साढ़े 20 लाख निकालने के मामले का शीघ्र होगा खुलासा
जसपुर। बाल विकास परियोजना अधिकारी के कार्यालय के खाते से फर्जी चेक से साढ़े बीस लाख रुपये निकालने के मामले में पुलिस घटना शीघ्र ही खुलासा करने वाली है। 23 जनवरी को बाल विकास परियोजना अधिकारी के कार्यालय के फर्जी चेक से पीएनबी बैंक शाखा रामनगर से 23 लाख रुपये निकालने का प्रयास किया था, लेकिन शाखा प्रबंधक की सतर्कता के चलते यह प्रयास सफल नहीं हो सका था।
सीडीपीओ लक्ष्मी टम्टा ने इस मामले की रिपोर्ट रामनगर कोतवाली में दर्ज कराई थी। दो फरवरी को उनके कार्यालय के फर्जी चेक से मुरादाबाद बैंक ऑफ बड़ौदा की शाखा से 20.50 लाख रुपये कान्हा इंटर प्राइजेज के नाम पर ट्रांसफर करा लिए। इस बात का उन्हें तब पता चला जब वह 23 मार्च को बैंक आफ बड़ौदा की स्थानीय शाखा में पास बुक में एंट्री कराने बैंक गई थी। उन्होंने 23 मार्च को घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
बाल विकास परियोजना कार्यालय से 205 माता समितियां जुड़ी हैं। दो माह से गर्भवती, धात्री और चयनित बच्चों को टीएचआर मिलने में परेशानी हो रही है। मामले की विवेचना कर रहे एनसी जुर्रार ने बताया कि आरोपी की शिनाख्त कर ली गई है।
आरोपी पर मुरादाबाद जिले के दो मुकदमे हैं। आरोपी इस समय जेल में है। आरोपी का बी वारंट निकालकर रिमांड पर लेने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सीडीपीओ के कार्यालय के चेक का स्कैन कार्यालय के किस कर्मचारी ने कराया इसका भी खुलासा कर कार्रवाई की जाएगी।