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छात्र राजनीति की तपिश दो कबीना मंत्रियों तक

Wed, 28 Sep 2016 11:52 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, ऊधमसिंह नगर
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छात्र राजनीति - फोटो : अमर उजाला
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राधेहरि महाविद्यालय में छात्र संघ चुनाव में अध्यक्ष पद के दो दावेदारों के पीछे कांग्रेसी ही सक्रिय हैं। एक दावेदार के पीछे कबीना मंत्री डॉ. इंदिरा हृदयेश के करीबी हैं तो दूसरे को कबीना मंत्री यशपाल आर्य के खासम खास लोगों की ताकत मिली है। हालांकि दोनों मंत्री खुलकर किसी के समर्थन में नहीं उतरे हैं, लेकिन चुनाव में हो रहे विवादों की आंच उन तक जा पहुंची है। 
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एक पखवाड़े पहले जहां एक दावेदार के समर्थक यशपाल आर्य का पुतला फूंकने की कोशिश कर चुके हैं, वहीं दूसरे के समर्थकों ने इंदिरा हृदयेश का पुतला फूंककर राजनीति को गर्मा दिया है। हालांकि एक दावेदार का रिजल्ट खराब होने की वजह से उसके चुनाव नहीं लड़ने के आसार हैं। 

दरअसल छात्र संघ अध्यक्ष पद पर वीरजोत सिंह ग्रेवाल और साहिल कपूर चुनाव मैदान में हैं। दोनों के ही परिवार कांग्रेसी पृष्ठभूमि के हैं। साहिल को जहां कबीना मंत्री इंदिरा हृदयेश के करीबियों का समर्थन है, वहीं वीरजोत को यशपाल आर्य के करीबी चुनाव लड़ा रहे हैं। 
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एक महीने पहले जब डिग्री कॉलेज में दोनों के समर्थकों में मारपीट हुई थी तो तहरीर के बावजूद पुलिस ने जांच का हवाला देते हुए किसी के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज नहीं किया। जिससे नाराज साहिल समर्थकों ने बीते 6 सितंबर को कुंडेश्वरी में कबीना मंत्री यशपाल आर्य का पुतला फूंकने की कोशिश की थी, जिसे पुलिस ने नाकाम कर दिया था। 

अब जब वीरजोत ग्रेवाल का रिजल्ट खराब हुआ तो उसने सीधा आरोप कबीना मंत्री इंदिरा हृदयेश पर मढ़ते हुए समर्थकों के साथ पुतला फूंक डाला। वीरजोत के चुनाव लड़ने के कम ही आसार हैं। लेकिन चुनाव में चाहे कोई भी जीते, वह कांग्रेस का ही होगा। यह बात अलग है कि उसकी जीत से किसी एक नेता का कद जरूर बढ़ेगा।
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