मझोला। नौसर गांव में लगातार तेंदुए की आवाजाही के चलते शनिवार को वन विभाग की टीम ने पिंजड़ा लगाकर गश्त तेज कर दी है। वन क्षेत्राधिकारी हरेंद्र सिंह बिष्ट ने बताया कि नौसर क्षेत्र में तेंदुआ लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा है। उसकी गतिविधि कैमरे में ट्रैप नहीं हो पा रही है। अब तेंदुए के पदचिह्नों के आधार पर पिंजड़ा लगाया जा रहा है। ग्रामीणों को जागरूक भी किया गया। ग्रामीणों ने बताया कि नौसर गांव में तेंदुए एक माह में कई कुत्तों को अपना निवाला बना चुका है। वहां पर प्रशिक्षु वन क्षेत्राधिकारी डोली डोबाल, डिप्टी रेंजर खेम सिंह संभल, वन रक्षक विनोद कर्मियाल, जयवीर आदि थे।
साईं धाम कॉलोनी में तेंदुआ दिखने से लोगों में दहशत
काशीपुर। कुंडेश्वरी रोड स्थित साईं धाम कॉलोनी के पास शुक्रवार की देर रात एक गेहूं के खेत में लोगों ने तेंदुए के गुर्राने की आवाज सुनी। लोगों के शोर मचाने पर तेंदुआ वहां से भाग गया। आनंदी बिष्ट ने बताया कि रात में उन्हें उनके घर से लगे खेत में किसी जानवर के गुर्राने की आवाज सुनाई दी। कॉलोनी के कुत्ते भी लगातार भौंक रहे थे। जब उन्होंने खिड़की से बाहर देखा तो एक तेंदुआ वहां से जा रहा था जिसे देख वह सहम गई। अभी तक कॉलोनी वासियों ने वन विभाग की टीम को सूचना नहीं दी है।
बता दें कि मानपुर रोड और द्रोण सागर टीले, राधेहरि राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय परिसर में अक्सर लोगों को तेंदुए आसानी से दिखाई दे जाते हैं। वन विभाग ने इन तेंदुओं को पकड़ने के लिए पिंजरे भी लगाए हैं। रेंजर देवेंद्र रजवार ने बताया कि लोगों की सूचना पर टीम भेजी गई थी। पिंजरा लगवा दिया गया है। संवाद
फिर दिखे तेंदुए के शावक, ग्रामीणों दहशत में
बाजपुर। बन्नाखेड़ा जंगल क्षेत्र के गांव विजयपुर में एक खेत में फिर तेंदुए के शावक दिखाई देने से ग्रामीणों की नींद उड़ गई है। बीते बुधवार को गांव विजयपुर में गन्ने के खेत में तीन शावक देखे गए थे। मादा तेंदुआ एक-एक करके अपने शावकों को सुरक्षित जगह ले गई थी। शनिवार सुबह फिर शावक दिखाई दिए। ग्रामीणों का कहना है कि दिन साफ और धूप होने पर शावक खेतों में आ जाते हैं। कई बार तेंदुए के शावक भटक कर भी पहुंच जाते हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से कार्रवाई की मांग की है। रेंजर नवल किशोर कपिल ने बताया कि सूचना पर टीम ने मौका मुआयना किया था लेकिन शावक दिखाई नहीं दिए।