जसपुर। छात्र-छात्राओं को गुमराह कर छात्रवृत्ति हड़पने के मामले में एसआईटी नगर में डेरा डाले हुए है। तीसरे दिन टीम ने दो मोहल्लों और पांच गांवों में जाकर छात्र-छात्राओं के बयान दर्ज किए।
रविवार को जसपुर पहुंचे एसआईटी प्रभारी भीम भास्कर आर्य और उनके सहयोगी श्यामलाल विश्वकर्मा ने मोहल्ला नत्थासिंह, महुवाडाबरा, मंडुआखेड़ा के छात्र छात्राओं के बयान दर्ज किए थे।
मंगलवार को भी टीम ने मोहल्ला नत्थासिंह, गुजरातियान मोहल्लों के अलावा ग्राम तालबपुर, मंडुवाखेड़ा, पूरनपुर, धर्मपुर के करीब 50 छात्र छात्राओं के बयान दर्ज किए। एसआईटी निरीक्षक बीबी आर्य ने बताया कि पूछताछ में छात्र-छात्राओं ने बिचौलियों की ओर से उनके दस्तावेज लेकर दाखिला करना बताया है।
छात्रवृत्ति के आवेदन कराकर स्वयं ही छात्रवृत्ति हड़प ली है, जबकि कुछ छात्रों ने कुछ छात्रवृत्ति मिलने की बात कही है। बताया कि बिचौलियों ने छात्रवृत्ति मिलने से पहले ही अपने नाम से चेक भरवाकर ले लिण् थे। छात्रवृत्ति आने के बाद उन्होंने रकम निकाल ली।
बताया कि प्रकरण में क्षेत्र के चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। इन लोगों ने हरियाणा के दो कॉलेजों के साथ मिलकर विभाग से छात्रवृत्ति को हड़पा है।
एसआईटी प्रभारी भीम भास्कर आर्य ने छात्र-छात्राओं से अपील की है कि वर्ष 2011 से लेकर 2015 तक बाहरी स्कूलों में दाखिला दिखाकर छात्रवृत्ति हड़पने के मामले में छात्र-छात्राएं इस संबंध में उन्हें जानकारी दे सकते हैं।
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अब एसआईटी के निशाने पर खटीमा-सितारगंज के लाभार्थी
रुद्रपुर। दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले में अब एसआईटी के निशाने पर खटीमा-सितारगंज और आसपास के क्षेत्र के छात्र और दलाल हैं। एसआईअी ने खटीमा क्षेत्र के छात्रों के दस्तावेज तलब किए हैं। एक दो दिन में एसआईटी इस क्षेत्र के छात्रों का सत्यापन करेगी। साथ ही इस क्षेत्र में सक्रिय दलालों के बारे में भी जानकारी जुटाएगी।
राज्य में 2012 से 2018 के बीच करोड़ों रुपये के छात्रवृत्ति का घोटाला सामने आया था। हाईकोर्ट के आदेश पर शासन ने जिलों में एसआईटी का गठन किया था। एसआईटी ने हरियाणा के तीन और मेरठ के एक शिक्षण संस्थान पर मुकदमा दर्ज कराया था। इसके अलावा, 15 दलालों के खिलाफ भी एसआईटी ने केस दर्ज कराया है। अभी अन्य शिक्षण संस्थानों की जांच भी चल रही है।
बताया जा रहा है कि सितारगंज और खटीमा क्षेत्र पर अब एसआईटी की जांच पहुंच गई है। इन दोनों क्षेत्रों से जुड़े छात्रों का दस्तावेज एसआईटी ने एकत्र कर लिया है। इनकी जांच चल रही है। अब एसआईटी जल्द ही इन क्षेत्रों के छात्रों का सत्यापन करेगी। इसके साथ ही इस क्षेत्र में छात्रों को बरगलाने वालों की जांच भी की जाएगी। सूत्र बताते हैं कि जल्द ही एसआईटी खटीमा और सितारगंज में जाकर सत्यापन करेगी।
जिससे पता चल सके कि किन छात्रों के नाम पर छात्रवृत्ति निकली। किस व्यक्ति ने छात्रों के दस्तावेज जमा किए थे। जांच के बाद इस क्षेत्र में एसआईटी मुकदमा दर्ज कराएगी।