पंतनगर विवि में सुरक्षा कर्मियों का विरोध प्रदर्शन
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गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में पिछले 15-20 वर्षों से कार्यरत सुरक्षा कर्मियों ने न्यूनतम वेतन, बोनस, ग्रेच्युटी और अवकाश जैसी मूलभूत सुविधाओं की मांग को लेकर कार्य बहिष्कार कर प्रशासनिक भवन का घेराव कर दिया। इस आंदोलन का समर्थन करने के लिए विधायक तिलकराज बेहड़ और कांग्रेस नेता राजेश प्रताप सिंह पंतनगर पहुंचे। कर्मियों का आरोप है कि उन्हें अति न्यूनतम वेतन दिया जा रहा है और श्रम नियमों के तहत देय बोनस, ग्रेच्युटी, अवकाश जैसी सुविधाओं से वंचित रखा गया है। विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों में कार्यरत करीब 2,500 ठेका मजदूरों को वर्ष में 11 दिन का सवैतनिक अवकाश दिया जाता है, लेकिन सुरक्षा विभाग के कर्मियों को यह सुविधा भी नहीं मिलती।
कर्मियों ने बताया कि पिछले दो वर्षों में सुरक्षा अधिकारी द्वारा एक दर्जन से अधिक सुपरवाइजर और गार्डों को बिना किसी दोष के काम से हटा दिया गया है। इन कर्मियों ने दिसंबर 2024 में निदेशक प्रशासन को पत्र लिखकर कार्यबहाली की मांग की थी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके अलावा 1 मार्च 2025 को तीन और सुपरवाइजर और गार्डों को बिना कारण बताए काम से हटा दिया गया।
कर्मियों ने आरोप लगाया कि सुरक्षा अधिकारी की ओर से उनके साथ भेदभाव, गाली-गलौज और मानसिक उत्पीड़न किया जा रहा है। साथ ही नए कर्मचारियों की भर्ती की जा रही है, जबकि पुराने कर्मियों को काम पर नहीं रखा जा रहा है। कर्मियों ने कहा कि आसमान छूती महंगाई और बेरोजगारी के कारण उनका जीवन यापन मुश्किल हो गया है।